बड़ौता गांव में पानी निकासी बाधित होने से गुस्साए ग्रामीणों ने मंगलवार को विरोध स्वरूप बीच सड़क पर खाट बिछाकर विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों के इस विरोध से करनाल-मुनक रोड करीब पांच घंटे जाम रहा। जाम लगाये बैठे ग्रामीणों ने प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे अपने पशुओं को डीसी निवास के सामने बांध देंगे। रोड जाम की सूचना मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों को मनाने के लिए पीडब्ल्यूडी के एसडीओ सवित पान्नू व बीडीपीओ सुमित चौधरी गांव में पहुंचे और जाम लगाये बैठे ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। अधिकारियों से मिले लिखित आश्वासन के बाद ग्रामीण जाम खोलने के लिए राजी हुए।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य पंकज पूनिया ने बताया कि एक साल से गांव के पानी की निकासी नहीं हो रही। करनाल-मुनक रोड के साथ बनने वाले नाले का निर्माण नहीं होने की वजह से गंदा पानी लोगों के घरों में घुस रहा है। ग्रामीण विभागों के चक्कर काट कर थक गए। दोनों विभाग एक-दूसरे पर जिम्मेदारी थोप रहे हैं। कोई हल नहीं मिलने की सूरत में ग्रामीणों ने मजबूरन रास्ता रोकने का कदम उठाया। मौके पर पहुंचे अधिकारियों को ग्रामीणों ने खरी-खरी सुनाई। पीडब्ल्यूडी ने नाले की जिम्मेदारी ली है। ग्रामीणों को यह भरोसा दिया है कि बुधवार से ही काम शुरू कर देंगे और पंचायती राज विभाग पुराने नाले की सफाई करवाएगा।
ग्रामीणों के कहने पर लिखित में आश्वासन दे दिया है। एक महीने में सड़क व नाला दोनों तैयार कर दिया जाएगा। पंचायत से पुराने नाले की सफाई करवा देंगे। वह खुद भी इस काम पर नजर रखेेंगे।- सुमित चौधरी, बीडीपीओ, निसिंग।