संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) कर्मचारी यूनियन के कर्मचारियों ने शुक्रवार को मुख्य गेट पर धरना देकर नारेबाजी की।
इसके बाद राज्यस्तरीय अधिकारी ने ठेकेदार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया।
साथ ही दो माह का रुका वेतन जल्द से जल्द उनके खाते में जारी करने के आदेश भी दिए है। वहीं कर्मचारियों ने ईपीएफ और ईएसआई लेने के लिए धरना जारी रखने का एलान किया है।
यूनियन के जिला प्रधान सेवाराम बड़सर ने बताया कि एचएसवीपी के अधिकारियों ने एक गोपनीय रिपोर्ट बना कर पंचकुला कार्यालय में भेजी थी। इसमें विभाग में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को ठेकेदार की ओर से पूरा वेतन समय पर न दिए जाने और उनके इपीएफ व ईएसआई में गड़बड़ी के मामले को लिखा गया था।
हालांकि कर्मचारी यूनियन के नेताओं व कर्मचारियों का कहना है कि जब तक इपीएफ व ईएसआई में गड़बड़ी के मामले की जांच नहीं हो पाती, तब तक कर्मचारियों की हड़ताल जारी रहेगी। कर्मचारियों का कहना है कि अभी भी प्रदेशभर में ऐसे कई कर्मचारी है जिनका वेतन से फंड तो कटता है लेकिन आज तक भी उनका ईएसआई कार्ड भी नहीं बना है।
वहीं कर्मचारियों का ईपीएफ कटता जरुर है लेकिन जब पैसे निकलवाने जाते है तो पूरे पैसे नहीं निकलते।
यह मामला पिछले एक साल से अधिकारियों के संज्ञान में है। इस पर अधिकारियों ने एक साल बाद संज्ञान लिया है। वहीं उपायुक्त की ओर से भी ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देते हुए जांच रिपोर्ट अतिरिक्त उपायुक्त को दी गई थी।
उस समय ठेकेदार की ओर से जांच में खुद हाजिर न होकर अपने नुमाइंदे को भेजकर फर्जी बिल व इपीएफ जमा पर्ची दिखाकर मामला रफा-दफा करवा दिया गया था।