नई अनाज मंडी में पीआर किस्म की धान की खरीद नहीं होने व लिफ्टिंग में आ रही दिक्कतों से रोषजदा आढ़तियों ने बुधवार को मंडी में जमकर हंगामा किया और प्रशासन के प्रति विरोध जताते हुए खरीद बंद कराने का निर्णय लिया। एसोसिएशन के अध्यक्ष योगेंद्र राणा ने बताया कि नई अनाज मंडी के आढ़तियों को खरीद एजेंसियां बेवजह परेशान कर रही हैं।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग व हैफेड ने पिछले कई दिनों से धान की खरीद नहीं की है। खरीद नहीं होने से पचास हजार क्विंटल धान मंडी में बिना तुले पड़ी है। डेढ़ लाख कट्टों में पड़ी इस धान की वजह से मंडी में पांव रखने तक की जगह नहीं है और किसान व व्यापारियों को इससे खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। धान के लिए जगह नहीं होने की वजह से इधर-उधर उतारना पड़ रहा है।
जब तक एजेंसियां पीआर धान की खरीद नही करेंगी तब तक आढ़ती मंडी का काम रोक देेंगे। मौके पर हुई बैठक में मंडी के दो सौ कमीशन एजेंटों ने भाग लिया और मौके पर बुलाए गए एजेंसियों के अधिकारियों के साथ उनकी बहस हुई। अधिकारियों के जवाब से असंतुष्ट आढ़ती रोष मार्च निकालते हुए एसडीएम कार्यालय गए और प्रशासनिक अधिकारियों से उनकी समस्या हल करने की गुहार लगाई।
दोपहर होते-होते कामकाज रुकने से परेशान किसान भी सड़कों पर उतर आए। मंडी में हो रही परेशानी से खफा भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले मार्च निकाला गया व खरीद एजेंसियों के खिलाफ नानेबाजी की गई। किसान नेता शीशा सिंह रतक ने कहा कि अधिकारियों की लापरवाही के चलते किसानों को काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
खरीद नहीं होने की वजह से मंडी में जगह नहीं है और किसान की मेहनत सड़कों पर बिखरी पड़ी है। एसडीएम विक्रम मलिक ने कहा कि आढ़तियों की समस्या के हल के लिए संबंधित अधिकारियों से बात की गई है और शीघ्र ही समस्या का हल कर दिया जाएगा। मौके पर ईश्वर गर्ग, नरेंद्र गर्ग, सोनू, रामपाल, कृष्ण बिंदल, बनारसीदास मित्तल, नरेश गोयल, सुखदेव जिंदल, निर्मल सिंह, गुरप्रताप, जसपिंदर सिंह, छोटेलाल, जगदीश, विष्णु तायल, जगमिंदर, धर्मपाल, वीरेंद्र मौजूद थे।
नीलामी के विरोध में गरजी भाकियू
करनाल में भाकियू नेता रतनमान ने कहा कि दीपावली के मौके पर बेबस किसानों की भूमि को कुर्क करने के लिए सरकार ने आदेश देकर किसान वर्ग को दुखी करने का काम किया है। इसके खिलाफ किसानों में रोष पनप रहा है, जिसका खामियाजा सरकार को भुगतना पडे़गा।
भारतीय किसान यूनियन के तत्वावधान में कर्ज अदा नहीं कर पाने वाले बेबस किसानों की भूमि नीलामी के खिलाफ छेड़े गए आंदोलन के तहत किसानों ने करनाल में जोरदार प्रदर्शन किया और प्रदेश के सहकारिता विभाग के मंत्री सतपाल सांगवान का पुतला फूंककर रोष जताया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक रोड़ धर्मशाला में सैकड़ों किसानों ने एकत्रित होकर किसान पंचायत आयोजित की और किसान नेता महताब सिंह कादियान की अगुवाई में नारेबाजी की। इसके बाद किसानों ने करनाल सहकारी भूमि विकास बैंक परिसर में धरना देकर जोरदार विरोध जताते हुए सतपाल सांगवान का पुतला जलाया।
प्योंत के किसान की 30 अक्तूबर को सहकारी भूमि विकास बैंक की ओर से कर्ज अदायगी नहीं करने कर पाने की एवज में नीलामी की घोषणा की गई थी। किसान नेता रतन मान ने कहा कि मुख्यमंत्री बार-बार कर्जदार किसानों की भूमि को नीलाम नहीं करने की घोषणा कर रहे हैं लेकिन सहकारी विभाग के मंत्री किसानों को प्रताड़ित कर रहे हैं। किसान एकजुट होकर किसी भी कीमत पर किसानों की भूमि की कुर्की नहीं होने देंगे।
मौके पर भाकियू रोहतक मंडल अध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर, राष्ट्रीय प्रवक्ता अजीत सिंह काहलों, जोगेंद्र सिंह झींडा, बीएस बाजवा, किदार सिंह कुड़लान, मलूक सिंह, संजीव आलमपुर, धनेतर राणा, सुरेंद्र सिंह सांगवान, परमाल राणा, बाबूराम डाबरथला, प्रधान सतबीर सिंह, खेम सिंह फौजी, बलवान सिंह, रणबीर मौजूद थे।