माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। शहर को स्मार्ट सिटी बनाने के लिए करोड़ों रुपये व्यय हो चुके हैं, लेकिन चालीस फीसदी स्ट्रीट लाइटें ठप हैं। कई क्षेत्रों में अंधेरा छाया है। मजबूरन महापौर और पार्षदों को शहर की अंधेरी सड़कों पर उतरना पड़ा है। इतना ही नहीं, शहर की रात्रिकालीन सफाई व्यवस्था (नाइट स्वीपिंग) भी पिछले एक महीने से ठप है। महापौर ने बुधवार को पार्षदों की उपस्थिति में नगर निगम के उप निगमायुक्त और मुख्य अभियंता सहित विभिन्न अधिकारियों के साथ बैठक की और अफसरों की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी जाहिर की। साथ ही निगम अफसरों द्वारा वन विभाग को बिना बोर्ड की अनुमति के दी गई 50 एकड़ जमीन को लेकर खासी नाराजगी दिखी। कहा कि जमीन को वन विभाग को किसी कीमत पर नहीं जाने देंगे। मुख्यमंत्री को भी अफसरों की लापरवाही से अवगत कराया जाएगा, क्योंकि इससे मुख्यमंत्री की छवि भी प्रभावित हो सकती है।
महापौर रेणू बाला गुप्ता की अध्यक्षता में उनके ही कार्यालय में आयोजित बैठक में पार्षदों ने कहा कि कई वर्षों से स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत 25 हजार लाइटों की बात कही जा रही है, ये लाइटें लगवाने का कार्य भी चल रहा है, लेकिन इस अवधि के दौरान शहर की चालीस प्रतिशत स्ट्रीट लाइट व्यवस्था चौपट है। इसके लिए महापौर और पार्षदों ने स्वयं रात्रि को विभिन्न बाजारों और सेक्टरों में जाकर खराब स्ट्रीट लाइटों के फोटो खींचकर जिम्मेदार अधिकारियों को भेजे, तब कहीं जाकर स्ट्रीट लाइटों को ठीक किया जा सका है। अभी भी बड़ी संख्या में स्ट्रीट लाइटें खराब हैं। पिछले 30 दिनों से रात्रिकालीन सफाई व्यवस्था ठप होने पर महापौर ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए संबंधित सुपरवाइजर से जवाब मांगा। उसने बताया कि उसके पास सिर्फ 26 सफाई कर्मचारी हैं। इनमें से निगम अफसरों ने 10 को गोशाला में लगा दिया है, छह को अन्य आपातकालीन कार्यों के लिए भेज दिया जाता है, सिर्फ 10 कर्मचारियों से नाइट स्वीपिंग संभव नहीं है। दूसरी ओर नगर निगम द्वारा बिना महापौर, पार्षदों और बोर्ड की जानकारी के शहर की करोड़ों रुपये कीमत वाली 50 एकड़ जमीन को बागवानी कार्य के लिए वन विभाग को दिए जाने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की गई। पार्षदों ने कहा कि जमीन को किसी भी कीमत पर वन विभाग को नहीं दिया जाएगा। वन विभाग का काम बागवानी करना नहीं है। इसके अलावा भी पार्षदों ने कई मुद्दे उठाए और अफसरों पर मनमानी के आरोप लगाए। हालांकि उप निगमायुक्त अरुण भार्गव, मुख्य अभियंता महिपाल सिंह, ईओ देवेंद्र नरवाल ने बैठक में उठे मुद्दों को गंभीरता से लेकर कार्रवाई करने का भरोसा दिया है। इसमें भाजपा नेता ब्रज गुप्ता, डिप्टी मेयर नवीन कुमार, युद्धवीर सैनी, भूपेंद्र नोतना, कई पार्षद व अधिकारी मौजूद रहे।