पर्यावरण प्रदूषण की वजह से फिर फिजा जहरीली महसूस होने लगी है। दिल्ली, हरियाणा, उत्तरप्रदेश व पंजाब क्षेत्र में पिछले कई दिनों से हवा की गति चार किलोमीटर प्रति घंटा से ऊपर नहीं गई, जिस वजह से स्थिति चिंताजनक बन गई है। कश्मीर में हल्की बर्फबारी शुरू हुई है, लेकिन उसका असर मैदानी इलाकों तक अभी नहीं आएगा। हिमाचल प्रदेश में फिलहाल बर्फबारी नहीं हो रही। हवा की चाल हल्की रहने व बर्फबारी नहीं होने के कारण अभी हरियाणा व दिल्ली में न्यूनतम तापमान में दो-तीन दिन बाद ही कमी आने का अनुमान है। पहाड़ी इलाके में बर्फबारी का असर पहले हरियाणा व पंजाब में ही आएगा। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि तीन दिन बाद दिल्ली में तापमान में गिरावट आएगी।
नवंबर के दूसरे पखवाड़े से लोग ठंड आने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन आशानुरूप न्यूनतम तापमान में गिरावट नहीं आई। जलवायु सिस्टम व हवा के सर्कुलेशन के कारण ऐसा हो रहा है। इसी चक्र के साथ ठंड चल रही है। वातावरण में सुखद सांस का अहसास नहीं होने की मुख्य वजह प्रदूषण है। वैज्ञानिकों का कहना है कि पंजाब में अभी भी धान के अवशेष जल रहे हैं। जिसका असर फिजाओं में दिखता है। बुधवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स पर 2.5-पीएम कणों का स्तर यमुनानगर में 315 आंका गया। दिल्ली में 221 से 250, करनाल में 270, मेरठ में 313, अमृतसर में 222 व गाजियाबाद में 366 आंका गया। एक्यूआई की यह स्थिति बेहद खराब मानी जा रही है।
द एनर्जी रिसोर्सिज इंस्टीट्यूट नई दिल्ली के मौसम वैज्ञानिक डा. अनिरुद्घ दत्ता ने कहा कि बुधवार को प्रदूषण के मामले में देश में यमुनानगर दूसरे स्थान पर देखा गया। सेटेलाइट से पता चलता है कि पंजाब में बर्निंग हो रही है। शुक्रवार व शनिवार तक हवा की गति बढ़ने की उम्मीद है। पिछले सप्ताह कश्मीर में पहाड़ों में बर्फबारी शुरू हुई है। हिमाचल में भी थोड़ी बर्फबारी हुई। अब धीरे-धीरे ठंड बढ़ेगी। अरब सागर की तरफ माहौल शांत है। इसलिए वर्षा होने या कोई प्राकृतिक हलचल का कोई पूर्वानुमान नहीं है। आने वाले कुछ दिनों तक मौसम साफ रहेगा। केंद्रीय मृदा लवणता अनुसंधान संस्थान करनाल के मौसम विभाग के अनुसार बुधवार को अधिकतम तापमान 27.4 डिग्री व न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस रहा। नमी 44 प्रतिशत, वेपर प्रेशर 11.1 एमएम व हवा की गति 1.1 किलोमीटर प्रति घंटा रही। जबकि मंगलवार को अधिकतम तापमान 27.0 व न्यूनतम तापमान 11.0 डिग्री सेल्सियस था। हवा की गति 1.5 किलोमीटर प्रति घंटा थी। बुधवार को हवा की गति और कम हो गई।