गुहला-चीका। आन के लिए बेटी की हत्या करने से पहले बाप व रिश्ते के चाचा ने शराब पीकर इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस पूछताछ में यह खुलासा खरौदी के ऑनर किलिंग मामले में गिरफ्तार किए गए मृतका के पिता सतपाल ने किया। पुलिस ने इस मामले में सतपाल सहित कुल पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। सोमवार को न्यायालय में पेशी से पहले पुलिस की मौजूदगी में सतपाल ने कहा कि उसकी बेटी की हरकतों ने उसे कहीं का नहीं छोड़ा था। रोज रोज की जिल्लत से निजात पाना चाहता था। पूरे होशो हवास में हिम्मत नहीं पड़ रही थी। इसलिए पहले बुआ के बेटे मिट्ठू के साथ खूब शराब पी फिर चुन्नी का फंदा बनाकर डिंपल की हत्या कर दी। सतपाल ने कहा कि अब लगता है कि गलती हो गई। चाहे कैसी भी थी, वह मेरी बेटी थी। उसे उस समय कोई रोकने वाला भी नहीं था। शराब के नशे ने उसे हैवान बना दिया।
गुहला पुलिस ने सभी पांच आरोपियों को सोमवार को अदालत में पेश किया जहां से सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आरोपी संदीप को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी। शेष 4 आरोपी बाद में गिरफ्तार किए गए है। पहले से गिरफ्तार संदीप को भी सोमवार को अदालत में पेश किया गया था। पुलिस ने उस चुन्नी के अवशेष सतपाल के घर से बरामद कर लिए हैं, जिससे डिंपल का गला घोंटा गया था। आरोपियों ने डिंपल की हत्या करने के बाद चुन्नी को जलाने की कोशिश की थी, लेकिन चुन्नी पूरी तरह नहीं जल पाई। पुलिस ने चुन्नी के अधजले टुकड़े व राख बरामद करके जांच के लिए भेज दी है।
पांच लोग शामिल थे वारदात में
पुलिस ने डिंपल हत्याकांड में उसके पिता सतपाल, सतपाल के बुआ के लड़के मिट्ठू, डिंपल का सगा भाई सतीश, चचेरे भाई संदीप व जयभगवान को पकड़ा है। सतपाल ने बताया कि गला घोंटने का काम उसने व मिट्ठू ने किया। बाकियों ने उनका सहयोग किया। लाश को ठिकाने लगाने दो मोटर साइकिलों पर चार लोग चीका आए। सतपाल के अनुसार उसकी पत्नी डिंपल की मां ने जब डिंपल की लाश देखी तो उसने रोना धोना शुरू कर दिया। किसी को पता ना चल जाए इसलिए वे जय भगवान को उसके पास छोड़कर बाकी चार लोग चीका में लाश को गिराने आ गए।
शाम को कर लिया था फैसला:-
सतपाल ने बताया उसने व उसके परिवार के युवकों ने शुक्रवार शाम को ही डिंपल की हत्या का फैसला कर लिया था। डिंपल की शादी उसने बेलरखां के राम मेहर से की थी। जहां से आ रहे उलाहनों से वह तंग आ गया था। डिंपल कई बार वहां से मोनू नाम के एक युवक के साथ भाग गई थी। हर बार वे उसे समझा-बुझाकर ससुराल में छोड़ आते। डिंपल को कुछ दिन पहले ही उसकी मां खरौदी लेकर आई थी। शुक्रवार को डिंपल फिर घर से भाग गई। जब पता चला कि वह चीका में अनाज मंडी के पास दो युवकों के साथ देखी गई है तो उनके तन मन में आग लग गई। सतपाल व उसकी बुआ का बेटा मिट्ठू उसे युवकों से छुड़ाकर गांव ले आए। शाम को बहुत से लोग थे। इसलिए कुछ नहीं किया। रात को मिट्ठू व उसने खूब शराब पी। रात को तकरीबन दस बजे नशे में पूरी तरह धुत होकर उन्होंने डिंपल का चुन्नी से गला घोंटकर उसे मौत के घाट उतार दिया।