खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के इंद्री स्थित गोदाम में गेहूं के कट्टाें पर पानी छिड़कने व धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने विभाग के उप निरीक्षक रिंकू व योगेश के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
यह मामला जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक निशांत राठी की शिकायत पर दर्ज किया गया। उप निरीक्षकों को निलंबित कर दिया है। इस मामले के उजागर होने के बाद पूरे विभाग में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है।
हर कस्बे व शहर में गेहूं गोदामों में भारी गड़बड़ की हुई है। 29 मई को खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के इंद्री स्थित गोदाम में देर रात मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय करनाल के ओएसडी अमरेंद्र सिंह ने अधिकारियों की टीम के साथ छापा मारा।
लगभग रात साढे़ 11 बजे जैसे ही करनाल-इंद्री सड़क मार्ग पर इंद्री में स्थित गोदाम में ओएसडी अमरेंद्र तथा एसडीएम इंद्री अश्वनी मलिक अधिकारियों व पुलिस विभाग की टीम के साथ गोदाम में पहुंचे तो वहां कुछ कर्मचारी पाइपों से गेहूं की बोरियों पर पानी का छिड़काव कर रहे थे।
ओएसडी अमरेंद्र सिंह के गोदाम में प्रवेश करते ही मौके पर उपस्थित कर्मचारियों में अफरातफरी मच गई। मौके से दो उप निरीक्षक अपनी मोटरसाईकिलें छोड़कर भाग गए थे, जबकि दो चौकीदारों को मौके पर ही पकड़ लिया गया।
पुलिस ने मौके पर बोरियों पर पानी डालने वाली रबड़ की पाईप, मोटरसाइकिल और रिकार्ड अपने कब्जे में ले लिया था।
आरोपी फरार, पुलिस दे रही दबिश
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के गोदाम में गेहूं के कट्टाें पर पानी छिड़कने से संबंधित एक सवाल के जवाब में राज्य मंत्री कर्ण देव ने बताया कि विभाग के उप निरीक्षकों के खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया है।
अभी दोनों उप निरीक्षक फरार हैं, जल्दी ही जेल की सलाखों के पीछे होगें। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार में संलिप्त अधिकारियों व कर्मचारियों को बख्शा नहीं जाएगा।