करनाल शहर के एनडीआरआई चौक के पास चलती बस में रोडवेज बस चालक की हार्ट अटैक आने से मौत हो गई। गनीमत रही कि बस की स्पीड कम होने के चलते बस एक पेड़ से टकराकर रुक गई। इस हादसे में किसी भी यात्री के चोटिल होने की कोई सूचना नहीं है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी हाउस भिजवाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक चार चमन निवासी सुखवीर सिंह शुक्रवार को सुबह करीब साढ़े सात बजे डबकोली गांव से बस का पहला चक्कर लेकर करनाल की तरफ आ रहा था। जब वह आईटीआई चौक के पास पहुंचा तो उसके सीने में दर्द होने लगा। चालक सुखवीर सिंह ने इसकी सूचना परिचालक को दी तथा बस की गति को धीमा कर बस स्टैंड तक पहुंचने का प्रयास किया, लेकिन जब बस होटल ज्वैलस के पास पहुंची तो उसे सीने में ज्यादा दर्द हुआ।
इससे वह बेहोश हो गया। इससे बस एक स्कूटी से टकराते हुए सड़क किनारे खड़े पेड़ से टकरा गई। बस की गति कम होने की वजह से इस हादसे में किसी की हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। यात्रियों ने चालक को उपचार के लिए कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सुखवीर सिंह (47) पिछले करीब 25 वर्षों से बस चला रहा था। इस हादसे में स्कूटी चालक को हल्की सी खरोंचे आई हैं।
यात्री जगदीप, राजेश, सीमा व विकास ने बताया कि बस में करीब 32 सवारियां थी। आईटीआई चौक के पास परिचालक की तबीयत बिगड़ गई थी। इसलिए उसने बस की गति धीमी कर ली थी। यदि बस की रफ्तार अधिक होती तो बड़ा हादसा हो सकता था। चालक की सूझबूझ से ही उनकी जान बची है। लेकिन चालक सुखवीर सिंह को समय पर इलाज नहीं मिला, इसका बड़ा अफसोस है।