रोहित कुमार अविवाहित था और करनाल कोर्ट में कर्मचारी के रूप में कार्यरत था। नौकरी के चलते वह करनाल में अकेला रह रहा था, जबकि उसका परिवार चंडीगढ़ में निवास करता है। घटना की सूचना मिलते ही परिजन करनाल के लिए रवाना हो गए। जांच के दौरान यह सामने आया कि रोहित एक महिला के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह चुका था। परिजनों का आरोप है कि उक्त महिला ने रोहित को अपने प्रभाव में ले रखा था। परिजनों के अनुसार महिला का रोहित से परिचय चंडीगढ़ में एक पारिवारिक समारोह के दौरान हुआ था। बाद में दोनों के बीच संपर्क बढ़ता गया और महिला कुछ समय तक रोहित के साथ रही।
परिजनों ने आरोप लगाया है कि संबंधित महिला पहले से विवाहित है तथा तीन बच्चों की मां है। उनका कहना है कि महिला स्वयं को रोहित की पत्नी बताती थी, जबकि दोनों का विवाह नहीं हुआ था। परिजनों का आरोप है कि पिछले कई महीनों से महिला और रोहित के बीच संबंधों को लेकर तनाव चल रहा था।
परिजनों के अनुसार 5 जून की रात को भी रोहित और महिला के बीच फोन पर बातचीत हुई थी, जो बाद में विवाद में बदल गई। उनका दावा है कि बातचीत के दौरान रोहित ने महिला को करनाल बुलाकर आमने-सामने बातचीत करने की बात कही थी। परिजनों का यह भी आरोप है कि रोहित ने उस दौरान आत्महत्या करने जैसी बात कही थी, लेकिन महिला करनाल नहीं आई। इसके बाद रोहित मानसिक तनाव में आ गया।
मॉडल टाउन थाना पुलिस से जांच अधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि सैनी कॉलोनी में युवक द्वारा फंदा लगाने की सूचना मिलने पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची थी। घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटा लिए गए हैं। मृतक के परिजनों को सूचना दे दी गई है और उनके बयान दर्ज किए जाएंगे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा परिजनों के बयानों के आधार पर आगामी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।