कांग्रेस जिला अध्यक्ष पराग गाबा को हाउस अरेस्ट करते पुलिस कर्मी। संगठन
करनाल। दिल्ली के जंतर-मंतर पर 12 अक्तूबर को प्रस्तावित धरने से पहले कांग्रेस के पांच नेताओं को नजरबंद किए जाने के विरोध में शनिवार को कार्यकर्ताओं का गुस्सा फूट पड़ा। दिन में माल रोड स्थित जिला कांग्रेस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करने के बाद कार्यकर्ताओं ने रात को सिविल लाइन थाने में दरी बिछाकर धरना शुरू कर दिया।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि जब तक नजरबंद नेताओं को रिहा नहीं किया जाएगा, तब तक धरना जारी रहेगा। स्थिति को देखते हुए थाने में पुलिस बल तैनात रहा। शहरी जिलाध्यक्ष पराग गाबा, ग्रामीण प्रधान राजेश वैद्य, युवा जिलाध्यक्ष रजत लाठर, इंद्री खंड प्रधान सचिन बुढ़नपुर और घरौंडा खंड प्रधान रोबिन को 8 अक्तूबर की रात 8 बजे से 12 अक्तूबर तक हाउस अरेस्ट किया गया है। इस कार्रवाई को लेकर पार्टी ने कड़ा रोष जताया।