कैथ्ाल के राजौंद में कांग्रेस पार्टी के चार राज्यों में हुई हार के बाद प्रदेश में भी पार्टी से जुड़े पदाधिकारी पार्टी की कार्यशैली से खफा नजर आ रहे है।
कांग्रेस कार्यकारिणी के जिला संगठन सचिव व जिला कष्ट निवारण समिति के सदस्य कृष्ण कौशिक किठाना ने अपने आवास पर कार्यकर्ताआें की बैठक के दौरान बात करते हुए यह संकेत दिए। कौशिक ने कहा कि यदि पार्टी की कार्यशैली व रवैया अब नही बदला तो वह पार्टी को अलविदा कहने को विवश होंगे।
उन्हाेंने बताया कि वह गांव के शहीद जयवीर सिंह के मान सम्मान व प्रतिमा के अनावरण के लिए वे कांग्रेसी नेताओं से कई बार मिल चुके हैं, लेकिन किसी ने भी इस पुनीत कार्य के लिए समय नहीं दिया। इतना ही नहीं वह पिछले लंबे समय से कांग्रेस पार्टी के लिए सच्चे सिपाही के रूप में कार्य कर रहे हैं। चाहे चुनाव हो या पार्टी गतिविधियाें को जन जन पहुंचाने की बात हो।
हर समय उन्हाेंने पार्टी को मजबूत करने के लिए अथक परिश्रम किया है। परंतु इसके बावजूद उनके साथ जुड़े कार्यकर्ता व स्वयं उनकी हमेशा अनदेखी की गई है। इतना ही नहीं उन्हाेंने जब प्रदेश में भ्रूण हत्या की तरफ सरकार व प्रशासन किसी का भी ध्यान नही था तो उस दौरान उन्हाेंने भ्रूण हत्या रोको अभियान चलाया था। जिसके परिणाम स्वरूप गांव किठाना में लिंग भेद में सुधार के साथ साथ कन्याओं की जन्म दर से लड़काें की अपेक्षा काफी वृद्धि हुई।
प्रदेश सरकार ने लिंग भेद सुधार को लेकर गांव किठाना की पंचायत को 25 लाख रुपये देकर सम्मानित किया गया। इस दौरान बलराज, सुभाष ढांडा, बजिंद्र ढांडा, रामनिवास शर्मा, रामपाल धीमान, गजे सिंह, रणधीर सिंह, रामेश्वर बाल्मीकि, राममेहर, सतपाल ढांडा, बोबी शर्मा, अमित सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।