माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। जुलाई माह के 14 दिन बीतने के बावजूद पिछले साल की अपेक्षा अब तक 16.2 मिमी बारिश हो सकी है। अगले सप्ताह भी तेज बारिश की संभावना कम है। मंगलवार को मौसम का मिजाज खुश्क रह सकता है लेकिन वीरवार और शुक्रवार को बूंदाबांदी तो कहीं-कहीं गरज चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना है।
जुलाई माह की शुरुआत में ही मानसून की टर्फ सीमा रेखा करनाल के आसपास से गुजरती बताई गई थी लेकिन इसके बाद वह दक्षिण की ओर चली गई। परिणाम ये हुआ दिल्ली के आसपास के जिलों में बारिश हुई लेकिन करनाल जिला वंचित रह गया, अब एक बार टर्फ सीमा रेखा उत्तर दिशा की ओर आई है, जिससे हरियाणा के कई जिलों में बारिश हो भी रही है लेकिन इसमें भी करनाल जिला किनारे पर आ गया है।
यही कारण है कि करनाल में काली घटाएं तो घिरती हैं लेकिन बारिश के मामले में पिछड़ रहा है। उमस और प्रचंड गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। पिछले साल जुलाई माह में कुल 58.8 एमएम बारिश दर्ज की गई थी, लेकिन इस बार अब तक जिले में सिर्फ 16.2 एमएम बारिश ही दर्ज की गई है, हालांकि कुछ क्षेत्र में बिखरे बादलों की वजह से टुकड़ों में बारिश हुई है, जिसे मौसम वेधशाला में दर्ज नहीं किया जा सका है।
सीएसएसआरआई की जिला मौसम वेधशाला में सोमवार को अधिकतम तापमान 33.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो रविवार से 1.5 डिग्री सेल्सियस है, वहीं एक डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी के साथ 27.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
राज्य में बारिश की गतिविधियां जारी : मौसम विशेषज्ञ डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि राज्य में बारिश की गतिविधियां चल रही हैं, करनाल में जरूर अभी तेज बारिश नहीं देखी गई है। मंगलवार को अधिकतर मौसम का मिजाज खुश्क रह सकता है लेकिन बिखरे बादलों से कहीं-कहीं बूंदाबांदी संभावित है। उन्होंने बताया कि सावन के आने वाले दिनों में बेहतर बारिश की संभावना है।