ओल्ड रमेश नगर में आठ साल की बच्ची के साथ जो हुआ, वह रोंगटे खड़े कर देने
वाला है। आरोपी बच्ची को टॉफी का लालच देकर आरोपी अपने घर के अंदर ले गया
था। जब आरोपी बच्ची के साथ दुराचार करने लगा तो उसने विरोध किया। शोर मचाने
पर आरोपी ने बच्ची के सिर में ईंट दे मारी और बाद में दुराचार किया। आरोपी
के सनकीपन और निर्दयता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि दुष्कर्म
के बाद आरोपी ने उस बच्ची को ही मारने की ठान ली। घर की छत पर बच्ची को ले
जाकर नीचे खाली प्लाट में पत्थर व ईंटों पर फेंक दिया। गनीमत रही कि बच्ची
को समय रहते अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल बच्ची की हालत गंभीर है और उसे
पीजीआई चंडीगढ़ में दाखिल कराया है। दूसरी ओर, पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार
कर लिया है। गुरुवार को उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
प्रारंभिक
पूछताछ में आरोपी संदीप मान (24) ने पुलिस को बताया है कि तीन साल पहले
उसकी पत्नी उसे छोड़कर चली गई थी। मंगलवार को उसने अपने आस-पास महिलाओं को
तलाशा, लेकिन कोई नहीं मिली। वह पागल हो गया था। पूछताछ में यह भी सामने
आया है कि एक अन्य पड़ोसी के घर भी संदीप घुस गया था, लेकिन वहां पर कोई
महिला नहीं मिली। बाद में उसे अपने घर पोंछा लगाने वाली एक महिला की आठ साल
की बच्ची दिखाई दी। संदीप ने उसे टॉफी देने का लालच दिया। बच्ची
हंसते-हंसते आरोपी के साथ चली गई। दोपहर को संदीप उसे घर के सबसे अंदर वाले
कमरे में ले गया। वहां पर आरोपी ने बच्ची के साथ दुराचार करने की कोशिश
की, पर नन्ही बच्ची ने हिफाजत के लिए शोर मचाना शुरू कर दिया। इस पर आरोपी
बौखला गया और पास में पड़ी एक ईंट बच्ची के सिर पर दे मारी। इससे वह बेसुध
हो गई और आरोपी ने उसके साथ दुराचार किया। बाद में बच्ची की हत्या करने की
नीयत से उसने शाम अंधेरा होने पर अपने घर की छत से उसे नीचे खाली प्लाट में
फेंक दिया, जहां पर ईंट और पत्थर पड़े थे। जैसे ही बच्ची नीचे गिरी तो
उसकी चीख निकल पड़ी। आवाज सुनकर पड़ोसियों ने देखा तो उसके परिजनों को
सूचना दी। आनन-फानन में बच्ची को ट्रॉमा सेंटर में दाखिल कराया गया, देर
रात बच्ची की गंभीर हालत देखते हुए उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। रात
को ही एसपी ने ट्रॉमा सेंटर का दौरा किया था और पूरे मामले की गंभीरता से
जांच के आदेश दिए थे। इसके लिए एसपी ने डीएसपी राजकुमार शर्मा के नेतृत्व
में टीम का गठन किया। टीम ने पूरे ओल्ड रमेश नगर में अभियान चलाया और
आखिरकार दोपहर को आरोपी संदीप मान को गिरफ्तार कर लिया गया। एसपी पंकज नैन
ने बताया कि आरोपी ने पुलिस पूछताछ में अपना गुनाह कबूल करते हुए पूरे
मामले का खुलासा किया है। आरोपी को गुरुवार को अदालत में पेश किया जाएगा।
जिंदगी और मौत से जूझ रही बच्ची
लड़की
के मां-बाप मूलरूप से पश्चिम बंगाल के रहने वाले हैं और मजदूरी करते हैं।
मंगलवार को भी दोनों बाहर गए थे और इस दौरान आरोपी ने बच्ची को अपना शिकार
बना डाला। फिलहाल बच्ची पीजीआई चंडीगढ़ में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही
है। डॉक्टरों का कहना है कि बच्ची को गहरा सदमा लगा है, साथ ही उसके सिर पर
भी गंभीर चोटें हैं, ऐसे में अभी कुछ नहीं कहा जा सकता है। फिलहाल बच्ची
बेसुध है और परिजनों को उसको होश आने का इंतजार है। मां-बाप चाहते हैं कि
दरिंदे को कड़ी से कड़ी सजा मिले, ताकि दोबारा किसी बच्ची के साथ ऐसा न हो
सके।
अजीब-सा व्यवहार करता है संदीप
पुलिस ने बताया कि फिलहाल
संदीप कोई काम नहीं करता है और घर पर ही रहता है। उसकी माता एक स्कूल में
टीचर है। बताया जाता है कि संदीप अक्सर घर में झगड़ा करता है, इसलिए उसकी
पत्नी उसे छोड़कर चली गई। फिलहाल वह अपने कमरे को बंद करके अंदर ही रहता
था। वह मानसिक रूप से बीमारों की तरह रहता है और कई बार नशे का सेवन भी
करता है।
बच्चों को अकेला न छोड़ें : एसपी
एसपी पंकज नैन ने
जिलेभर के अभिभावकों का आह्वान किया है कि वे अपने बच्चों को किसी भी सूरत
में अकेला न छोड़ें। संदिग्ध व नशेड़ी टाइप के लोगों से बच्चों को दूर
रखें, साथ ही बच्चों की अच्छी तरह से काउंसलिंग कराएं। किसी से भी खाने
पीने की चीजें न लें और लालच में न आएं। एसपी ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा
के लिहाज से संदिग्ध लोगों की सूचना पुलिस को दें। एसपी ने बताया कि आरोपी
को गुरुवार को अदालत में पेश किया जाएगा। आरोपी पर दुराचार के साथ साथ
हत्या की कोशिश का केस भी दर्ज किया है। हमारी कोशिश होगी कि उसे कड़ी से
कड़ी सजा मिले।