संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव-2021 में रविवार को ढाई लाख से ज्यादा पर्यटक पवित्र ब्रह्मसरोवर पहुंचे। इससे शहर में भी जाम की स्थिति बनी रही। साप्ताहिक अवकाश होने के कारण आसपास ही नहीं बल्कि दूर-दराज के क्षेत्रों से आए पर्यटकों ने महोत्सव का आनंद उठाया। अर्जुन चौक, बिरला मंदिर, थर्ड गेट, देवीलाल चौक, पुराना बस स्टैंड, बीआर इंटरनेशनल चौक, तिरुपति बाला मंदिर चौक व केडीबी रोड पर भीड़ के कारण वाहन रेंग कर चल रहे थे। ब्रह्मसरोवर के पास पार्किंग के लिए भी लोगों भटकना पड़ा, और उन्हें वाहन सड़क पर ही खड़ा करना पड़ा। इस दौरान पर्यटकों ने कलाकारों के साथ लोक गीतों पर जमकर नृत्य किया ।
उधर, उत्तराखंड, कश्मीर, पंजाब, राजस्थान, हिमाचल के कलाकारों ने लोक गीतों पर नृत्य से समा बांधा और पर्यटकों ने भी तालियां बजाकर उनका अभिवादन स्वीकार किया और उनकी प्रस्तुति की सराहना भी की। पर्यटकों ने महोत्सव में जमकर खरीदारी की और विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लिया। महोत्सव के 11वें दिन सुबह व सायं के सत्र में उत्तराखंड, पंजाब, कश्मीर, राजस्थान के साथ-साथ विभिन्न प्रदेशों के सांस्कृतिक झरोखों को देखकर पर्यटक भाव-विभोर हो गए।
उधर, महोत्सव के सरस और क्राफ्ट मेले में पंजाब का भांगड़ा नृत्य की प्रस्तुति देने के लिए पंजाब से विशेष ग्रुप को आमंत्रित किया गया। पंजाब के बाद जम्मू कश्मीर के लोक कलाकारों ने कार्यक्रम की प्रस्तुति दी। इन कलाकारों ने नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों को तालियां बजाने पर मजबूर कर दिया। इस प्रकार ब्रह्मसरोवर का महिला घाट भारत की संस्कृति का केंद्र बनता नजर आया। इस मंच पर सभी प्रदेशों की संस्कृति की झलक देखी गई।