संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। रमजान उल मुबारक के बाद शनिवार को ईद उल फितर का त्योहार पूरे उत्साह और भाईचारे के साथ मनाया गया। सुबह मुस्लिम समुदाय के लोगों ने ईद के मौके पर नमाज अदा की। विश्व कल्याण की दुआ मांगी। एक-दूसरे के गले मिलकर मुबारकबाद दी।
शनिवार सुबह सबसे पहले मरकज वाली जुम्मा मस्जिद में नमाज अदा की गई। इसके बाद रेलवे स्टेशन स्थित नूरानी मस्जिद में हजरत मोहम्मद मौलाना हाजी तस्सुवर राणा ने नमाज अदा कराई। ईदगाह में मौलाना अहमद मियां ने नमाज पढ़ाई। मेरठ रोड स्थित मदीना मस्जिद और कसूरी वाली मस्जिद में भी अकीदतमंदों ने नमाज अदा की।
ईदगाह में मौलाना अहमद मियां ने सही रास्ते पर चलने की तौफीक देने और देश में सौहार्द बनाए रखने की विशेष दुआ की। हरियाणा राज्य हज कमेटी के पूर्व मीडिया कोऑर्डिनेटर खुर्शीद आलम ने सभी को ईद की शुभकामनाएं दीं।
रोजे रखने से होते हैं गुनाह माफ : मौलाना
मौलाना तस्सुवर राणा ने कहा कि एक महीने के रोजे रखने के बाद इंसान के गुनाह माफ हो जाते हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने अंदर की बुराइयों को दूर करें, नेक रास्ते पर चलें और अच्छे इंसान बनें। हमें अपने मुल्क से मोहब्बत करनी चाहिए।
ईदगाह में ईद उल फितर के अवसर पर नवाज अदा करते मुश्लिम समुदाय के लोग। संवाद