माई सिटी रिपोर्टर
करनाल।
अंबाला में वकीलों और पुलिस के बीच के चल रहे विवाद को लेकर करनाल बार एसोसिएशन ने बुधवार को काम नहीं किया। वकीलों का कहना है कि अंबाला में हुई बैठक में पुलिस ने आश्वासन दिया था कि मामले को सौहार्दपूर्ण तरीके से निपटाया जाएगा लेकिन कोई गंभीरता नहीं दिखाई गई। इसी के विरोध में अंबाला बार एसोसिएशन के आह्वान पर काम नहीं किया गया। पिछले 25 दिनों में सोमवार को चौथी बार अलग-अलग मामले में वकीलों ने काम नहीं किया।
बार एसोसिएशन प्रधान सुरजीत ने कहा कि अंबाला का पूरा मामला प्रॉपर्टी विवाद से जुड़ा हुआ है। एक किराएदार ने वकीलों की प्रॉपर्टी पर कब्जा कर लिया था। वकीलों ने कोर्ट के जरिए कार्रवाई करते हुए संपत्ति खाली करवा ली। इसके बाद किरायेदार ने राजनीतिक सिफारिश लगवाकर दो वकीलों के खिलाफ केस दर्ज करवा दिया। वकीलों का आरोप है कि यह केस पूरी तरह झूठा है और इसी का विरोध किया जा रहा है। अगर वकीलों को ही न्याय नहीं मिलेगा, तो आम जनता की स्थिति और खराब हो सकती है। एसोसिएशन ने अंबाला के एसपी से मांग की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और सच्चाई सामने आने के बाद ही कार्रवाई की जाए।
प्रधान सुरजीत के अनुसार 10 दिन पहले ही सिरसा में भी इसी तरह का मामला सामने आया था। वहां भी एफआईआर झूठी पाई गई और बाद में रद्द कर दी गई। अंबाला का केस भी उसी तरह का है।
प्रॉक्सी काउंसलर किए नियुक्त
वकीलों के काम नहीं करने से कोर्ट का कामकाज प्रभावित होता है। लोगों की परेशानी कम करने के लिए एसोसिएशन ने प्रॉक्सी काउंसलर की ड्यूटी लगाई। ताकि जरूरत पड़ने पर केस प्रॉक्सी काउंसलर देख सकें।