फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Karnal News: 4.50 करोड़ का नया सामुदायिक भवन बना तबेला.. बंधे पशु, लोगों ने उपलों के ढ़ेर लगाए

Thu, 26 Mar 2026 12:58 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
विज्ञापन
सामुदायिक भवन  के अंदर बैठा पशु । संवाद
विज्ञापन
सुनील शर्मा
विज्ञापन

इंद्री। लाडवा-इंद्री रोड पर फूसगढ़ के निकट 4.50 करोड़ रुपये की लागत से नया बना सामुदायिक केंद्र इन दिनों तबेले का रूप ले चुका है। इसके प्रांगण में पशु बंधे हैं और पास में उपलों के ढेर लगे हैं।
17 माह पहले विधायक रामकुमार कश्यप और नगर निगम आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा सामुदायिक केंद्र का उद्घाटन कर चुके हैं। उद्घाटन के बाद नगर निगम इसे नगर पालिका को सौंपना भूल गया। ऐसे में जनता के लिए इसके दरवाजे बंद हैं और लोग अपने कार्यक्रमों के लिए गलियों में टेंट लगवाने को मजबूर हैं।
विज्ञापन

करीब पांच हजार वर्ग फीट क्षेत्रफल वाले इस भवन का निर्माण 21 दिसंबर, 2018 को शुरू हुआ था। छह वर्ष में निर्माण पूरा हुआ। भवन का 28 अक्तूबर, 2024 को उद्घाटन हुआ था। कार्यक्रम में विधायक रामकुमार कश्यप ने इसे जनता को बड़ी सुविधा बताया था लेकिन करोड़ों खर्च के बाद भी लोग सुविधा से महरूम हैं।

झड़ने लगा दीवारों का प्लास्टर
हालात यह हैं कि भवन के लोहे के गेट, दरवाजों पर लगे तालों पर जंक लग गया है। परिसर में कांग्रेस घास उग आई है। दीवारों का प्लास्टर झड़ने लगा है। पीछे की ओर सफाई का बुरा हाल है। मैदान में पशु चरते हैं। भवन में जाले लगे हुए हैं।

लोग बोले, सुविधाओं पर ध्यान नहीं
स्थानीय निवासी बलदेव, तिलक, जोनी, पदम सिंह, प्रवीण, प्रदीप व हेमंत का कहना है कि सरकार जनता को सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात तो करती है परंतु सुविधाएं कितनी मिली, इस बात पर कोई अधिकारी गौर नहीं करता। अगर भवन को शुरू किया गया होता तो क्षेत्रवासियों को शादी-समारोह जैसे आयोजनों में आसानी होती।

सामुदायिक भवन को शुरू करवाने के लिए फाइल नगर निगम आयुक्त को भेज दी गई है। अनुमति मिलते ही भवन जनता के लिए खोल दिया जाएगा। आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्ति भी भवन का लाभ उठा सकें, इसके लिए प्रपोजल तैयार कर भेजा गया है। - धर्मबीर सिंह, सचिव, नगर पालिका इंद्री
विज्ञापन


सामुदायिक भवन का संचालन नगर पालिका करेगा या इसे लीज पर दिया जाएगा, पिछले दिनों सदन की बैठक में भी इस पर चर्चा हुई थी। अभी तक यह खुल क्यों नहीं पाया, इस पर अधिकारियों से जवाब लिया जाएगा। प्रयास रहेगा कि इसे शीघ्र खुलवाया जाए। - रामकुमार कश्यप, विधायक, इंद्री
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें