जन्मदिन पर मिला छात्र का शव, छह पर हत्या का केस
हर में धक्का देकर मारने का आरोप, पुलिस जांच में जुटी
फोटो संख्या-19,20
अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। गांव डबरी के पास आर्वधन नहर में चार दिन पहले डूबे दसवीं कक्षा के छात्र का शव मंगलवार देर रात को घोघड़ीपुर के पास नहर से मिला है। दसरअसल, मंगलवार को ही छात्र का 16वां जन्मदिन था, परिजनों को आशा था कि आदित्य जरूर सकुशल मिल जाएगा, लेकिन उसके जन्मदिन के दिन ही उसका शव मिला। इस पर परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज एंव अस्पताल से पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर छात्र के छह दोस्तों के खिलाफ हत्या और अपहरण सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। पीड़ित तरूण कुमार वासी मकान नंबर 1798 सेक्टर 13 ने बताया कि 18 जून दोपहर को उनके घर से पांच-छह लड़के उसके बेटे आदित्य जैन (16) को अपने साथ ले गए थे। दोपहर ढाई बजे दो युवकों ने उन्हें बताया कि उनका बेटा आदित्य नहर में डूब गया है। उन्होंने इसकी शिकायत सदर थाना पुलिस को दी। परिजनों और पुलिस ने तीन दिन तक छात्र की नहर में खूब तलाश की, लेकिन कहीं कोई सुराग नहीं लगा। मंगलवार को अचानक घोघड़ीपुर गांव के पास से आदित्य जैन का शव नहर से बरामद हुआ है। आदित्य ने पेंट पहनी हुई थी, इस पर परिजनों ने आरोप लगाया कि उनके बेटे को उसके साथियों ने नहर में धक्का दिया है। अगर वह खुद नहर में नहाता तो पेंट पहनकर नहीं नहाता। परिजनों ने बताया कि आरोपियों ने पहले से उसे नहर में धक्का देने का प्लान बनाया हुआ था। पिता तरूण की शिकायत पर पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ हत्या, अपहरण सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। ----------------------बॉक्स20 जून को था आदित्य का जन्मदिन-तरूण कुमार ने बताया कि 20 जून को ही उसके बेटे आदित्य का जन्मदिन था। आदित्य 20 जून को 16 साल का हो जाता, लेकिन उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि उनका बेटा 16 वर्ष का होने से पहले यह दुनिया छोड़कर चला जाएगा। तरूण ने बताया कि परिवार बेटे का जन्मदिन मनाने की तैयारियां कर रहा था, लेकिन बेटा 18 तारीख को घर से जाने के बाद जन्मदिन वाले दिन नहर से उसका शव मिला। छात्र की मौत से परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। -----सोम