अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। नेशनल बैंकों के स्केल-1 से 5 तक के 200 से ज्यादा अधिकारी हड़ताल पर रहे। इस कारण जिले की 144 नेशनल बैंक शाखाओं पर ताले लटके रहे। हड़ताल से करीब 250 करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ। रोजाना की तरह लोग सुबह अपने कामों को लेकर बैंकों में पहुंचे, लेकिन मेन गेट पर ताला देखकर उन्हें लौटना पड़ा।
हालांकि आनलाइन बैंकिंग की सुविधा तो रही, लेकिन मैन्युअल कामकाज न होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। सेक्टर-12 स्थित पंजाब नेशनल बैंक के सामने आल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कॉन्फेडरेशन के बैनर तले करनाल यूनिट के सभी बैंक अधिकारियों ने धरना दिया। जहां उन्होंने मांगों के समर्थन में नारेबाजी भी की। धरने की अध्यक्षता हरियाणा प्रांतीय सचिव ललित अरोड़ा ने की। सभी बैंक कर्मियों ने सरकार को चेताते हुए कहा कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को नहीं माना गया, तो वे 26 दिसंबर की हड़ताल के बाद बड़ा आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। धरने पर बैठे बैंक अधिकारियों ने बताया कि फ्रैक्चरर्ड मैंडेट, बैंक आफ बड़ौदा, विजया बैंक और देना बैंक के प्रस्तावित विलय, मौजूदा क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को विलय करने के लिए सरकार के प्रयास, अधिकारियों के चिकित्सा बीमा लाभों में एक तरफा कमी व सेवानिवृत्त चिकित्सा बीमा प्रीमियर में अत्याधिक वृद्धि के विरोध में हैं। इस अवसर पर बीके मेहता, निशु तोमर, अनिल अनेजा, विजय कुमार, दीपक गर्ग, जसवीर पन्नू, एसपी त्यागी व जगमाल सिंह मौजूद रहे।