अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। आरटीए विभाग द्वारा 12 रूटों पर 159 बसें चलाने की प्लानिंग ने रोडवेज कर्मचारियों का चक्का जाम फेल कर दिया। पूरा दिन सड़कों पर रोडवेज की बसें दौड़तीं रहीं। चक्का जाम फेल होने का मुख्य कारण एस्मा भी है। नौकरी जाने के डर से रोडवेज चालक और परिचालकों ने पूरा दिन सड़कों पर बसें दौड़ाईं। हालांकि, रोडवेज यूनियनों के पदाधिकारी हड़ताल पर रहे और कर्ण पार्क में बैठकर उन्होंने सरकार के प्रति रोष प्रकट किया। इस हड़ताल से रोडवेज को करीब चार लाख रुपये के राजस्व का फटका लगा है, क्योंकि आम दिनों में करीब 14 लाख राजस्व रोडवेज विभाग को जाता था। प्रशासन ने चक्का जाम को फेल करने के लिए पूरी प्लानिंग की हुई थी। सरकार के निर्देश पर प्रशासन ने रोडवेज के चालक व परिचालकों के पास रात को ही फोन कर सूचना भिजवा दी कि यदि कोई कर्मचारी हड़ताल में शामिल होता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इस डर के कारण 2018 में लगे चालक व परिचालक सुबह ही बस चलाने लगे। इन्हें देखकर दूसरे चालक और परिचालक भी हड़ताल में शामिल न उन्होंने भी बस चलाई। रोडवेज जीएम का दावा है कि बुधवार को 149 बसें अपने-अपने रूट पर गई हैं। इस दौरान भारी संख्या में पुलिस बल बस स्टैंड परिसर पर मौजूद रहा। वहीं, आरटीए विभाग की बस स्टैंड परिसर पर तैनात रहा।
वर्कशॉप से बस निकालते हुए की हुई वीडियोग्राफी
रोडवेज जीएम और ट्रैफिक मैनेजर सुबह ही वर्कशॉप के गेट पर बैठ गए और वर्कशॉप से बसों को चालकों द्वारा निकालते हुए की वीडियोग्राफी कराई तो वहीं बस में बैठते हुए सवारियों की भी वीडियो बनवाई। जीएम का कहना है कि सुबह करीब साढ़े 10 बजे तक करीब 120 बसें चल रहीं थीं। हड़ताल का कोई असर नहीं है। बस स्टैंड पर यात्रियों को अन्य दिनों की तरह बसें मिल रही हैं।
यात्रियों की संख्या रही कम, राजस्व पर पड़ा प्रभाव
चक्का जाम की घोषणा के कारण लोग बस स्टैंड पर ही नहीं पहुंचे। आम दिनों की तरह बुधवार को बहुत कम सवारी बस में नजर आई। जिस कारण रोडवेज को राजस्व कम हुआ है। सुबह की बात करें तो बस स्टैंड पर रोडवेज बस ही नजर आ रही थी। एक-दो बस में ही सवारियां बैठी हुई थी।
स्थगित की हड़ताल, कर्ण पार्क में दिया था धरना
ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन के ही कुछ पदाधिकारी कर्ण पार्क में धरना देकर बैठे रहे। जो हड़ताल में शामिल हुए। इससे अलग बाकि के सभी रोडवेज कर्मचारी ड्यूटी पर चले गए। उपवरिष्ठ राज्य उपप्रधान सुरेश लाठर ने कहा कि उन्होंने अनिश्चितकालीन हड़ताल को स्वागित कर दिया है। जींद में गुरूवार को अपातकालीन बैठक बुलाई है।
लगाया आरोप, किलोमीटर पूरा करने के लिए चलाई बिना सवारी की बस
ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन वरिष्ठ राज्य उपप्रधान सुरेश लाठर ने आरोप लगाया कि जीएम ने दबाव डालकर चालकों व परिचालकों पर बस चलवाईं हैं। इतना ही नहीं सरकार को दिखाने के लिए जीएम ने किलोमीटर पूरा करने के लिए बिना सवारी बैठाए बसों को शहर में चलवाया है।
बस स्टैंड पर यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आई है। बुधवार को 149 बसें चली हैं, जो कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए हैं, उनकी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है।
-अश्वनी डोगरा, जीएम रोडवेज करनाल।