अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। मेयर पद को लेकर अब तीन प्रत्याशी मैदान में कूद चुके हैं। भाजपा द्वारा रेणु बाला गुप्ता को टिकट देने के बाद चुनाव दिलचस्प हो गया है।
बता दें कि इससे पहले पूर्व डिप्टी मेयर मनोज वधवा की पत्नी आशा वधवा और पूर्व पार्षद बलविंद्र सिंह की पत्नी बेअंत कौर बतौर आजाद उम्मीद ताल ठोक चुकी हैं। कांग्रेस द्वारा सिंबल पर चुनाव लड़ने से इंकार करने के बाद अब कांग्रेस के समर्थन और इनेलो के उम्मीदवार पर शहरवासियों की नजरें टिकी हुई हैं। इनेलो का दावा है कि वे जल्द ही मेयर पद के लिए प्रत्याशी मैदान में उतारेंगे। दूसरी ओर इनेलो को छोड़कर सांसद दुष्यंत चौटाला के साथ जाने वाले समर्थक भी अपना समर्थन किसी उम्मीदवार को देने की बात कह रहे हैं।
बता दें कि भाजपा द्वारा सबसे मजबूत दावेदार रेणु बाला गुप्ता को टिकट देकर मैदान में उतारा है। भाजपा को उम्मीद है कि पिछले पांच साल के दौरान किए गए विकास कार्यों और रेणु बाला गुप्ता की छवि के दम पर वे ये सीट जीतकर सीएम की झोली में डालेंगे। टिकट मिलते ही रेणु बाला गुप्ता ने चुनाव की कमान संभाल ली है और रविवार को गुप्ता ने भाजपा नेताओं के साथ बैठक करके प्रचार अभियान तेज कर दिया है।
इधर, पूर्व डिप्टी मेयर मनोज वधवा की पत्नी आशा वधवा चुनाव की घोषणा होते ही मैदान में उतर गईं थीं और लगातार लोगों से संपर्क साध रही हैं। साथ ही सरकार पर भी जमकर हमले बोल रही हैं। तीसरी दावेदार वार्ड नंबर 2 बलविंद्र सिंह की पत्नी बेअंत कौर हैं। ये भी रोजाना अलग-अलग मोहल्लों में जाकर समर्थन मांग रही हैं। इस तिकोने मुकाबले के बीच इनेलो के जिलाध्यक्ष यशवीर कुक्कू राणा का कहना है कि इनेलो की ओर से मेयर पद के लिए प्रत्याशी मैदान में उतारा जाएगा। इसका फैसला प्रदेशाध्यक्ष अशोक अरोड़ा को करना है। वहीं, इनेलो छोड़कर सांसद दुष्यंत चौटाला के साथ गए इनेलो के पूर्व प्रवक्ता हरपाल रोड़ का कहना है कि वे 9 दिसंबर की रैली की तैयारियों में जुटे हैं। इसलिए इसके बाद चुनाव के लिए नामांकन नहीं हो सकेगा। इसलिए हम इस बार प्रत्याशी मैदान में नहीं उतारेंगे, लेकिन किसी न किसी का समर्थन जरूर करेंगे। इसके लिए सांसद दुष्यंत चौटाला खुद करनाल में आकर इसकी घोषणा करेंगे।
आज आ सकते हैं नामांकन, प्रशासन पूरी तरह से तैयार
शनिवार से नामांकन लेने शुरू हुए थे, लेकिन शनिवार के फेर में किसी ने कोई नामांकन दाखिल नहीं किया था। रविवार को छुट्टी के बाद फिर से सोमवार को कार्यालय खुलेंगे। ऐसे में संभावना है कि पार्षद व मेयर के लिए सोमवार को नामांकन आ सकते हैं। इस बारे में डीसी डॉ. आदित्य दहिया का कहना है कि नामांकन को लेकर अलग-अलग कार्यालय तय किए हैं और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। प्रशासन की ओर से सभी प्रकार की तैयारियां कर ली गई हैं।
कांग्रेस की तरफ से अब नहीं कोई दावेदार
कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष अशोक तंवर के करनाल दौरे के दौरान कांग्रेस की तरफ से मेयर का चुनाव लड़ने के लिए 6 दावेदार थे, लेकिन सिंबल पर चुनाव नहीं लड़ने के फैसले के बाद दावेदार चुप बैठे हैं। अभी पार्टी की तरफ से किसी भी दावेदार ने आजाद या फिर समर्थन से चुनाव लड़ने की बात नहीं कही है। ऐसे में देखना यह होगा कि कांग्रेसी नेता क्या फैसला लेते हैं और किसके साथ जाते हैं।