फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

करनाल-इंद्री रोड : फोरलेन का प्रोजेक्ट अटका, मौतों का सिलसिला जारी

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

करनाल। करनाल-इंद्री रोड को फोरलेन करने का प्रोजेक्ट पिछले एक साल से अटका पड़ा है। इसके विपरीत यहां पर हादसों का सिलसिला जारी है। रोजाना न किसी ने किसी के घर में मातम छाया रहता है। पहली बात तो ये है कि ये सड़क ऊबड़ खाबड़ हो चुकी है और दूसरा फोरलेन करने के लिए सड़क के दोनों तरफ खाई बनी हुई हैं। ऐसे में आमने सामने से वाहन आने पर जरा सी लापरवाही मौत से मिलन कराती है। एक के बाद एक बड़े हादसे इस सड़क पर हो रहे हैं, लेकिन सरकार को न तो यहां दम तोड़ने वालों की कराहट सुनाई देती है और न ही उनके परिजनों के आंसू दिखते हैं। आलम ये है कि सड़क हादसे बदस्तूर जारी हैं। इंद्री से मंत्री कर्ण देव कांबोज विकास के दावे करते नहीं थकते, लेकिन इस सड़क पर आने से वे खुद भी घबराते हैं। सवाल ये है कि आखिरकार ये फोरलेन कितने लोगों की जान लेकर पूरा होगा?
करनाल से इंद्री रोड ड्राइविंग के लिए किसी भी लिहाज से सेफ नहीं है। इस सड़क पर वाहन नहीं ओवरलोडेड वाहन यमराज के रूप में दौड़ते हैं। इस सड़क को फोरलेन करने का कार्य पिछले एक साल से चला हुआ है। एक साल में इस सड़क पर दोनों ओर गड्ढे ही खोदे गए हैं और पूरी सड़क अनबैलेंस है। सुरक्षा के लिए न तो खुदाई की गई जगह पर बेरिकेट्स लगाए गए हैं और ना ही रिफ्लेक्टर लगाए गए हैं। ठेकेदार की लापरवाही का खामियाजा वाहन चालक इस सड़क पर जान गवा कर कर रहे हैं। सड़क पर ज्यादा ट्रैफिक ट्राले और ट्रकों का है, ये ट्रक यमुनानगर से पत्थर-बजरी व रेत लेकर आते हैं और दिनरात यहां से हजारों बड़े वाहन गुजरते हैं।
विज्ञापन


प्रशासन को नहीं है परवाह
गुरुवार सुबह स्कूल बस और ट्राले की टक्कर का दूसरा कारण यह सड़क भी है जो अब तक अनेकों वाहन चालकों की जान ले चुकी है। इस सड़क पर सबसे ज्यादा सड़क हादसे होते हैं, इसका राज्य मंत्री कर्ण देव कांबोज को भी पता है और वह इस रोड से ही करनाल से इंद्री और इंद्री से करनाल जाते हैं, लेकिन उन्हें भी इस सड़क पर दुर्घटना में घायल हो रहे वाहन चालकों की कोई प्रवाह नहीं है। यदि विभाग इसी तरीके से इस सड़क को फोरलेन करने में लगा रहा तो इससे से ज्यादा सड़क हादसे होंगे और इससे बड़ी भी दुर्घटना हो सकती है। इससे पहले भी कई बड़े हादसे यहां पर हो चुके हैं।

35.87 करोड़ रुपये से होगा यह करनाल-इंद्री रोड फोरलाइन
करनाल, रंबा, इंद्री, लाडवा सड़क को फोर लाइन करने का कार्य पीडब्ल्यूडी विभाग के अंडर हो रहा है। इसका निर्माण कार्य 30 नवंबर 2017 में शुरू हुआ था। 35.87 करोड़ रुपये की लागत से इस सड़क को फोन लाइन किया जाएगा, जो दो साल में पुरा होगा। इसकी अंतिम तिथि 30 नवंबर 2019 है। यही हाल रहा तो इस कार्य में तीन साल लगेंगे।
विज्ञापन



करनाल से इंद्री रोड फोरलेन करने का कार्य चला हुआ है। सड़क की चौड़ाई दस मीटर है। धुंध अभी पड़ने लगी है तो जल्द ही निर्माण कार्य के दौरान रिफ्लेक्टर लगवाएं जाएंगे। 2019 तक यह कार्य पूरा कर लिया जाएगा।-दलेल सिंह, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी विभाग, करनाल।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें