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नियमों को दरकिनार कर इंद्री नपा प्रधान ने कराए लाखों रुपये के कार्य

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नियमों को दरकिनार कर इंद्री नपा प्रधान ने कराए लाखों रुपये के कार्य
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-नियमों के तहत के अकेले प्रधान नहीं दे सकते वर्क आर्डर
अमर उजाला ब्यूरो
इंद्री। इंद्री नगरपालिका प्रधान ने अपने पद का रौब दिखाते हुए न केवल नियमों को दरकिनार कर खुद ही लाखों रुपये के वर्क आर्डर कर दिये, जबकि एक अवैध कालोनी में भी विकास कार्य कराए गए। इतना ही नहीं मनमुताबिक काम करने पर ठेकेदारों को बकायदा 67.50 लाख रुपये की अदायगी भी कर दी गई। ये खुलासा आरटीआई से हुआ है। हालांकि, बावजूद इसके प्रधान दावा करते हैं कि ठेकेदारों की पेमेंट नहीं हुई है।
आरटीआई कार्यकर्ता ब्रजपाल ने बताया कि नगरपालिका में वर्क आर्डर देने के अधिकार व किए गए कामों की जानकारी सूचना के अधिकार के तहत मांगी गर्ई थी। नगरपालिका द्वारा दी गई सूचना में यह स्पष्ट किया गया कि वर्क अलाट करने में नगरपालिका प्रधान अकेले कोई काम अलाट नहीं कर सकते। प्रधान, नगरपालिका अभियंता व जेई के साथ मिलकर ही वर्क आर्डर जारी कर सकते हैं। लेकिन नगरपालिका इंद्री की प्रधान ने 20 नवबर, 2015 को अकेले ही नगरपालिका के 67.50 लाख के वर्क आर्डर रमेश व दी लक्ष्मी कोपरेटिव सोसायटी को दे दिए। मीडिया को दस्तावेज दिखाते हुए आरटीआई कार्यकर्ता ने कहा कि नगर पालिका में नियमों को तोड़कर काम किये जा रहे हैं। इसके साथ ही आरटीआई में यह भी खुलासा हुआ है कि अवैध कालोनी में भी विकास कार्य किये जा रहे हैं, जबकि यह प्रदेश सरकार के आदेशों को विपरित है। उधर, इस बारे में नगरपालिका के सचिव प्रवीन कुमार का कहना है कि नगरपालिका के वर्क आर्डर अकेला प्रधान नहीं दे सकता। प्रधान के साथ अभियंता व जेई का होना जरूरी है।
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मैंने कोई गलत कार्य नहीं किया : सुखविंद्र कौर
इस बारे में नगर पालिका प्रधान सुखविंद्र कौर का कहना है कि उन्होंने कोई गलत कार्य नहीं किया है, अमर मार्केट का विकास कार्य का आर्डर जरूर दिया था, उस ठेकेदार की पेमेंट रोक ली गई है। हालांकि, इस एरिया के नक्शे कई साल पहले से पास हैं। आरटीआई के बारे में उन्हें कोई जानकार नहीं है। दस्तावेज देखने के बाद वे ही कुछ कहेंगी।
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