अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल अब सुपर स्पेशलिस्ट अस्पताल बनने जा रहा है। हरियाणा सरकार ने मेडिकल कॉलेज को चार सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के पदों की स्वीकृति प्रदान की है। इनमें कार्डियोलॉजी (हृदय रोग विशेषज्ञ), न्यूरो सर्जरी (मस्तिष्क सर्जन), गैस्ट्रोएंटरोलॉजी (पेट और लीवर) और नेफ्रोलॉजी (किडनी रोग विशेषज्ञ) डॉक्टर शामिल हैं।
मेडिकल कॉलेज के निदेशक का कहना है कि जून के पहले सप्ताह में इन सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। मेडिकल कॉलेज में इन चारों सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के आने से मरीजों को पीजीआई जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी, क्योंकि हेड इंजरी, हृदय रोग, पेट के रोग व किडनी के रोगों का इलाज मेडिकल कॉलेज में ही होगा। अभी तक मेडिकल कॉलेज से इन मरीजों को रेफर किया जाता है। इन डॉक्टरों के आने से करनल सहित यूपी, पानीपत, कैथल, कुरूक्षेत्र, यमुनानगर के मरीजों को भी फायदा होगा। संभावना है कि आगामी तीन महीनों में ये विशेषज्ञ अपनी सेवाएं देनी शुरू कर देंगे।
गौरतलब है कि फिलहाल इन चारों बीमारियों से संबंधित मरीजों को यहां से रेफर किया जाता है और मरीजों को मजबूरी में चंडीगढ़ या फिर रोहतक जाना पड़ता है। या फिर निजी अस्पतालों में महंगा इलाज लेना पड़ता है।
पिछले एक साल से मांग रहे थे इन डॉक्टरों के पदों की अनुमति
मेडिकल कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि उन्होंने पिछले करीब एक साल से चार सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों के पदों की स्वीकृति के लिए पत्र भेजा था और बार-बार सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की डिमांड भी की जा रही थी। अब इन डॉक्टरों के आने से मरीजों को काफी राहत मिलेगी।
मेडिकल कॉलेज में चार सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर कार्डियोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी और नेफ्रोलॉजी की पोस्ट क्रिएट हो गई है। जून के पहले सप्ताह में इन डॉक्टरों को भर्ती करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। मरीजों को अब किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।-डॉ. सुरेंद्र कश्यप, निदेशक, कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज, करनाल।