संवाद न्यूज एजेंसी
साढौरा। ग्राम पंचायत कोटला के संयुक्त पीरवाली गांव के डेरे में रहने वाले नूर हुसैन के पशुबाड़े में वीरवार देर रात अचानक आग लग गई। घास फूंस से बना पशुबाड़ा आग की भेंट चढ़ गया और उसमें बंधी 12 बकरियों की जलने से मौत हो गई। पीड़ित परिवार को आग लगने का कोई कारण पता नहीं चल पाया। सूचना पाकर मौके पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी पहुंची, लेकिन उससे पूर्व ग्रामीणों ने आग पर काबू पा लिया था। भीषण आग के कारण बाड़े में बंधी सभी बकरियों को नहीं बचाया जा सका। देर रात को मौके पर पहुंची पुलिस ने आग लगने के कारणों को जानने का प्रयास किया।
नूर हुसैन के बेटे मोहम्मद कलीम ने इस बारे पुलिस को शिकायत करने के अलावा प्रशासन से मुआवजे की मांग की है। मोहम्मद कलीम ने बताया कि उसका पिता नूर हुसैन 22 दिसंबर से जमात में गया हुआ है। अपने पिता की गैर मौजूदगी में इन बकरियों को चराने के अलावा उनकी देखरेख खुद कर रहा था। 28 दिसंबर को दिन में इन बकरियों को चराने के बाद देर शाम को घास फूंस के बाड़े में बांधकर घर पर सोने के लिए चला गया था। देर रात को लघुशंका ने लिए उठा तो पशुबाड़े में भीषण आग लगी हुई थी। उसने शोर मचाकर ग्रामीणों को जगाया। भीषण आग के कारण बाड़े में बंधी सभी बकरियां जलकर मर चुकी थी।