अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। पिछले कई वर्षों से अवैध निर्माण व अवैध कब्जे किया बैठे लोगों पर नगर निगम ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। नगर निगम के डीटीपी की ओर से ऐसे करीब 400 लोगों को अंतिम नोटिस जारी कर चेताया है। पत्र में कहा गया है कि वे या तो निगम की योजना के अनुसार, फीस जमा कराके इन निर्माणों को वैध करा लें, अन्यथा इन प्रापर्टी को सील किया जाएगा। नोटिस मिलने के बाद लोगों में हड़कंप की स्थिति हो गई है, क्योंकि इन इलाकों में इससे पहले इस तरह के सख्त पत्र नहीं भेजे गए थे। दूसरा इस समय निगम की डीटीपी ब्रांच दर्जनभर स्थानों से अवैध कब्जे छुड़वा चुकी है और अभियान जारी है।
बता दें कि शहर में अवैध निर्माणों व अवैध कब्जों को लेकर अमर उजाला लगातार समाचार प्रकाशित करता रहा है। निगम के अंतर्गत एरिया में बिना नक्शा पास कराए व बिना किसी की अनुमति के ही धड़ाधड़ दुकानें बना ली गई। इतना ही नहीं कई रिहायसी इलाकों में रिहायशी मकानों को बड़े-बड़े शोरूम में तब्दील कर दिया गया। हालांकि, ऐसा करना नियमों के खिलाफ है, बावजूद इसके करनाल में ये कार्य सरेआम चल रहा है। मामले को लेकर नगर निगम की डीटीपी ब्रांच ने शहर में सर्वे कराके अवैध भवनों व अवैध निर्माणों की लिस्ट तैयार कराई है। आगामी सप्ताह से इन पर कार्रवाई अभियान भी शुरू हो जाएगा।
इन इलाकों में थमाए नोटिस
नगर निगम द्वारा जिन इलाकों में नोटिस भेजे गए हैं, उनमें सबसे ज्यादा नोटिस माडल टाइल इलाके के हैं। यहां पर लोगों ने रिहायशी मकानों को ही कामर्शियल में बदल लिए हैं। इसके साथ ही यहां के काफी संख्या में लोगों ने निगम की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा भी किया हुआ है। साथ ही कुंजपुरा रोड, जरनैली कॉलोनी, काछवा रोड पर भी लोगों को नोटिस थमाए गए हैं।
सील किए जाएंगे अवैध निर्माण : डीटीपी (91)
इस बारे में नगर निगम के डीटीपी मोहन सिंह ने कहा कि नगर निगम की ओर से बकाया सर्वे कराके अवैध निर्माणों को लेकर नगर निगम गंभीर है। निगम आयुक्त के निर्देशानुसार एक अभियान के तहत यह कार्य किया जा रहा है। पिछले दिनों खुद सीएम मनोहर लाल ने अवैध निर्माणों को लेकर आदेश दिए थे। उनकी ओर से बकाया 400 से ज्यादा लोगों को नोटिस दिए गए हैं। जिन लोगों ने रिहायशी भवन को व्यावसायिक बना लिया है, उनके लिए सरकार की ओर से फीस जमा कराकर कार्रवाई से बच सकते हैं। जिन्होंने नियमों के खिलाफ कब्जे किए हैं या फिर अवैध निर्माण किए हैं, उनको सील किया जाएगा।