Ultrasound machine, which was closed for five years, will start from today
- फोटो : Kaithal
पिछले पांच वर्ष से भी ज्यादा समय से अस्पताल में बंद पड़ी अल्ट्रासाउंड मशीन वीरवार को शुरू हो जाएगी। इससे मरीजों को जहां बार-बार निजी अल्ट्रासाउंड केंद्रों के चक्कर लगाने से छुटकारा मिलेगा, वहीं लोगों के धन और समय की भी बचत होगी। अस्पताल से अल्ट्रासाउंड की पर्ची कटवाकर दो-दो दिन तक अस्पतालों के चक्कर काटने वाली गर्भवती महिलाओं को मशीन चलने का सबसे ज्यादा लाभ होगा।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा मशीन को चलाने के लिए डॉ. मनप्रीत कौर को विशेषज्ञ के रूप में लगाया गया है। डॉ. मनप्रीत कौर मशीन चलाने के लिए रोहतक से डिप्लोमा इन मेडिकल रेडियो डायग्नोसिस का प्रशिक्षण लेकर कैथल आई हैं। जानकारी के अनुसार ये महिला डॉक्टर पहले सीवन के राजकीय अस्पताल में मेडिकल ऑफिसर रही हैं। अब प्रशिक्षित होने के बाद नागरिक अस्पताल में मरीजों का अल्ट्रासाउंड करेंगे।
37 लाख रुपये लगने के बाद धूल फांक रही मशीन का अब मरीजों को मिलेगा लाभ
गौरतलब है कि नागरिक अस्पताल में करीब 37 लाख रुपये की लागत से अल्ट्रासाउंड मशीन मंगवाई गई है। यह मशीन विशेषज्ञ न होने की वजह से पिछले काफी समय से बंद पड़ी थी। यहां तक कि जिस कमरे में मशीन थी, उस पर भी ताला लगा हुआ था। अब अस्पताल में सुविधा मिलने के कारण मरीजों को भरी दोपहरी में सडक़ों पर नहीं भटकना पड़ेगा।