संवाद न्यूज़ एजेंसी
ढांड। केंद्रीय ट्रेड यूनियन एआईयूटीयूसी ने मजदूर दिवस पर पार्टी कार्यालय ढांड में जनसभा का आयोजन किया। इसमें बतौर मुख्य वक्ता क्रांतिकारी पार्टी एसयूसीआई के जिला सचिव कामरेड राजकुमार सारसा ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के राज्य उपप्रधान कामरेड बाबू राम ने शिरकत की। कार्यक्रम में बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद यूनियन कार्यालय से पंचमुखी चौक तक पैदल मार्च निकाल प्रदर्शन किया गया।
इस अवसर पर कामरेड राजकुमार सारसा व कामरेड बाबू राम ने कहा कि 1886 में अमेरिका के शिकागो शहर में पहली मई से चार मई तक आठ घंटे काम की मांग पर मजदूरों ने रोष प्रदर्शन किया था। उस समय के शासक वर्ग ने मजदूरों पर लाठी-गोली चलाकर उनकी आवाज को दबाने का प्रयास किया था। पुलिस की गोली से 10 मजदूरों ने मौत को गले लगाया और कई मजदूर घायल हुए। उन्होंने कहा कि आखिरकार मजदूरों ने आठ घंटे की मांग को आंदोलन के बल पर मनवा लिया।
संबोधन के दौरान उन्होंने सरकार पर निशाना भी साधा। आरोप लगाते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मजदूरों से रोजगार छिन रही हैं। उन्होंने कहा कि आठ घंटे के कार्य दिवस को 12 घंटे किया जा रहा है। पूंजीपति वर्ग के स्वार्थ में ज्यादा से ज्यादा मुनाफे को बरकरार रखने के लिए मजदूर-कर्मचारी विरोधी नीतियों को लागू किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि शोषणहीन समाजवादी समाज बनाना ही हमारे जीवन का लक्ष्य होना चाहिए। अध्यक्षता यूनियन के जिला सचिव विनोद शाक्य ने की और मंच संचालन उपप्रधान शीशपाल ने किया।