संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल/कलायत। सोमवार को होली पर जमकर चलेगा रंग और उड़ेगा गुलाल। रविवार को बाजार सजे रहे और लोगों ने जमकर खरीदारी की। बच्चों ने तरह-तरह की पिचकारियां खरीदीं। उधर, मिठाई की दुकानों पर भी ग्राहक उमड़े।
उधर, कलायत में होली के पावन पर्व पर नगर के वार्ड नंबर 11 में बनाई गई होली पर महिलाओं, पुरुषों व बच्चों ने पूजा-अर्चना की। दहन से पहले दिन भर श्रद्धालुओं द्वारा पारंपरिक ढंग से होलिका की पूजा की।
घर-परिवार में सुख शांति तथा समृद्धि के लिए पूजा अर्चना के दौरान महिलाओं ने गोबर से बनाए गए चांद फूल, कपूर व छोटी इलायची अर्पित की। महिलाओं का कहना है कि वैसे तो हर पर्व का अपना महत्व होता है, लेकिन होली व धुलेंडी पर पूजा का अपना विशेष महत्व होता है। होली के अवसर पर मिठाई की दुकानों पर गुजिया की बहुत मांग रही। विनोद कुमार ने बताया की होली के दिन अन्य मिठाइयों की बजाए गुजिया की सबसे अधिक मांग रही।
उधर, रंग व गुलाल के पर्व पर पूरा बाजार रंग, गुलाल व पिचकारियों से भरा नजर आ रहा था। छोटे बच्चों से लेकर बड़े लोग तक बाजारों में रंग, गुलाल व मिठाइयां खरीदने के लिए पूरा दिन लगे रहे।
होलिका दहन कर अपने घर की सुख शांति की कामना
राजौंद। होली हिंदुओं का प्रसिद्ध पर्व है। यह फाल्गुन माह की पूर्णिमा को मनाया जाता है। इस दिन लोग लकड़ी की होलिका बनाकर जलाते है। रविवार की शाम को होलिका दहन किया। पिछले कई दिनों से उपलों व लकड़ियों से होलिका बनाने की तैयारियां शुरू हो गई थी।
महिलाओं ने अपने बच्चों के गले में बेर, बतासे, छुवारे की कंठी बनाकर होली का पर्व मनाया। सांय के समय होलिका दहन कर अपने घर की सुख शांति की कामना की। जहां प्राचीन काल से सभी पर्व देश की एकता व अखंडता के लिए अपनी अहमियत को सार्थक सिद्ध करते आ रहे हैं, वहीं रंगों का त्योहार समाज में आपसी भाईचारा व प्रेम की भावना को बढ़ाने में काफी हद तक सहायक सिद्ध हो रहा है।
कई लोगों ने इस त्योहार को तिलक होली के रूप में भी मनाने का निर्णय लिया है। उधर रंगों के त्योहार होली को लेकर बाजारों में चहल पहल पूरे यौवन पर देखी गई। रंग बिरंगी पिचकारियों व गुलाल से सजी दुकानें हर एक को अपनी ओर आकर्षित कर रही थी। होली को लेकर बच्चों में काफी उत्साह देखा गया। छोटे छोटे बच्चे होली को लेकर गुलाल उड़ाते देखे गए। संवाद