संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। प्योदा गांव में सरकारी स्कूल के पास स्थित तालाब गंदगी का अड्डा बनता जा रहा है। तालाब के घाट और उसके आसपास कचरे का अंबार लगा हुआ है, जिससे पूरे इलाके में बदबू फैल रही है। हालात ऐसे हैं कि आसपास रहने वाले लोगों को घरों में रहना भी मुश्किल हो गया है और उन्हें मुंह ढककर बाहर निकलना पड़ रहा है।
तालाब के किनारे प्लास्टिक और घरेलू कचरा फैला हुआ है, जिसकी वजह से वातावरण दूषित हो रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि तालाब गांव का प्रमुख जल स्रोत होने के साथ-साथ धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों से भी जुड़ा हुआ है, लेकिन लंबे समय से इसकी सफाई नहीं होने के कारण यह अब गंदगी और बीमारियों का केंद्र बनता जा रहा है।
ग्रामीण राजबीर के अनुसार तालाब के पास ही सरकारी स्कूल स्थित है, जहां बच्चे पढ़ने आते हैं। तालाब से उठने वाली बदबू और आसपास फैली गंदगी के कारण बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इससे उनकी सेहत पर बुरा असर पड़ने की आशंका बनी रहती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। बारिश में स्थिति और भी खराब हो जाती है, जब तालाब का गंदा पानी किनारों तक फैल जाता है और मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है।
इससे डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा भी बना रहता है। ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत और जिला प्रशासन से मांग की है कि तालाब के घाट और आसपास के क्षेत्र की तुरंत सफाई करवाई जाए। साथ ही यहां कचरा डालने पर रोक लगाई जाए और नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि प्रशासन ने इस समस्या की ओर ध्यान नहीं दिया तो उन्हें मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा।