संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में शुक्रवार को जन-जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में एमडीडी ऑफ इंडिया के जिला समन्वयक अशोक कुमार ने उपस्थित लोगों को बाल विवाह के दुष्परिणामों, उससे जुड़े कानूनी प्रावधानों तथा बाल विवाह की रोकथाम में समाज की भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कार्यक्रम के दौरान अधिवक्ता हर्ष बागड़ी ने पॉक्सो अधिनियम-2012, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम-2006 और निःशुल्क विधिक सहायता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। उन्होंने लोगों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करते हुए बताया कि कानून बच्चों की सुरक्षा को सर्वोपरि मानता है।
इसके अलावा साइबर अपराध शाखा से सहायक उप निरीक्षक संदीप, सहायक उप निरीक्षक सुरेंद्र और सहायक उप निरीक्षक जसवीर सिंह ने साइबर अपराध, ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल और डिजिटल सुरक्षा की जानकारी दी। उन्होंने आमजन को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध कॉल या लिंक से सावधान रहने की अपील की। शिविर का मुख्य उद्देश्य बाल विवाह की रोकथाम, बच्चों की सुरक्षा, कानूनी सहायता की जानकारी तथा साइबर अपराध से बचाव के प्रति आमजन को जागरूक करना रहा।