कार्यक्रम के दौरान बच्चों के साथ संस्था की पदाधिकारी। विज्ञप्ति
पूंडरी। सामाजिक संस्था एक किरण उम्मीद की ओर से बाल चेतना व व्यक्तित्व विकास शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में करीब 45 बच्चों ने भाग लिया। संस्था की अध्यक्ष निधि मोहन ने बच्चों को श्रीमद्भगवद्गीता के जीवनोपयोगी संदेशों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि गीता जीवन में सही निर्णय लेने, सकारात्मक सोच अपनाने और कठिन परिस्थितियों में धैर्य बनाए रखने की प्रेरणा देती है।
कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में नैतिक मूल्यों, आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और भारतीय संस्कृति के प्रति जागरूकता विकसित करना रहा। साथ ही अध्यक्ष निधि ने बच्चों को समय प्रबंधन का महत्व समझाते हुए कहा कि समय का सदुपयोग ही सफलता की कुंजी है। डॉ. मनीषा मंगल ने बच्चों को गुड टच और बैड टच के विषय में सरल भाषा में जानकारी दी और उन्हें अपनी सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने और किसी भी अनुचित परिस्थिति में निडर होकर अपने अभिभावकों व शिक्षकों से बात करने के लिए प्रेरित किया। वंदना मित्तल ने बच्चों को योगाभ्यास करवाया और योग के शारीरिक और मानसिक लाभों के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने कहा कि नियमित योग से शरीर स्वस्थ, मन शांत और एकाग्र रहता है। इससे बच्चों का सर्वांगीण विकास होता है। शिविर में बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ विभिन्न गतिविधियों में भाग लिया। हर घर गीता, घर-घर गीता अभियान के माध्यम से बच्चों को संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने का संदेश भी दिया गया। इस अवसर पर बबीता सिंगला, रीना देवी, पूनम, बलवंत गोलन व राजेश विशेष रूप से उपस्थित रहे और सभी ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। संस्था अध्यक्ष ने भविष्य में भी समाजहित और बाल विकास से जुड़े ऐसे प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों के साथ संस्था की पदाधिकारी। विज्ञप्ति