संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण की ओर से सेक्टरों में बीते वर्ष पौधे तो लगा दिए गए, लेकिन एक बार पौधरोपण के बाद विभाग इनकी सुध लेना भूल गया। ऐसे में अब देखरेख के अभाव में सेक्टरों में लगाए गए करीब 80 प्रतिशत पौधे नष्ट हो गए हैं। इनमें से करीब आधे पौधे तो सेक्टरों में घूम रहे बेसहारा पशुओं का चारा बन गए और करीब आधे समय पर पानी या देखभाल न होने के कारण नष्ट हो गए हैं।
इस प्रकार सेक्टरों में रहने वाले लोगों ने एचएसवीपी हॉर्टिकल्चर विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि टेंडर केवल पौधे लगाने का हुआ था, लेकिन लोगों का कहना है कि अगर पौधे लगाने के बाद देखभाल ही नहीं करनी थी तो उन्हें लगाना भी जरूरी नहीं था।
सेक्टरवासी प्रदीप कुमार, चरण सिंह, हरिकेश सिंह, सुरेश व सुनील ने आरोप लगाते हुए कहा कि जिस प्रकार से लाखों रुपये खर्च करके पौधों को एक बार लगाकर भूला गया है, उससे लगता है कि विभाग ने केवल ठेकेदार को फायदा पहुंचाने के लिए ये पौधे लगाए थे।
विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2023 के मानसून सीजन के दौरान शहर के सेक्टरों व ग्रीन बेल्ट में 1500 से अधिक पौधे रोपित किए गए थे।
इसके लिए विभाग की ओर से करीब डेढ़ लाख लाख रुपये की निविदा सूचना जारी की थी।। सेक्टरवासियों का कहना है कि जिस समय पौधे लगाए जाते हैं, उसी समय यह भी कहा जाता है कि इन पौधों की कम से
कम तीन साल तक देखभाल की जिम्मेदारी भी संबंधित विभाग की रहेगी, लेकिन विभाग ने केवल पौधे रोपित करने का निविदा सूचना जारी कर इतिश्री कर दी। परिणाम स्वरूप अधिकतर पौधों का कोई लाभ सेक्टर के लोगों को नहीं मिल पाया।
पौधों पर भारी पड़ी अनदेखी
अधिकारियों से बातचीत की थी, लेकिन सकारात्मक परिणाम नहीं निकला। बीते वर्ष लगाए अधिकतर पौधे नष्ट हो चुके हैं। इस बार भी विभाग की ओर से कोई पौधा सेक्टरों में नहीं लगाया गया। विभाग को इस ओर ध्यान देना चाहिए। -मास्टर विजेंद्र मोर, एचएसवीपी के सेक्टर 18 के सचिव
विभाग अगर कहीं भी पौधे लगाए तो उसकी देखभाल करना जरूरी है। अनदेखी के कारण सेक्टरों में लगाए गए पौधे नष्ट हुए हैं। विभाग की ओर से जब भी सेक्टरों में पौधरोपण का टेंडर दिया जाता है, उसी समय देखरेख की जिम्मेदारी संबंधित ठेकेदार को देनी चाहिए। -बलबीर सिंह, सेक्टर प्रधान
विभागीय आदेशों के अनुसार निविदा सूचना केवल गड्ढे बनाकर पौधे लगाने का था। ऐसे में विभाग ने सभी सेक्टरों में पौधे लगवा दिए थे। नष्ट हुए पौधों के बारे में उच्चाधिकारियों से बातचीत की जाएगी। पौधरोपण को लेकर जो आदेश होंगे, उनका पालन किया जाएगा। -प्रवीन कुमार, कनिष्ठ अभियंता, एचएसवीपी