कैथल। मई माह में तापमान 40 डिग्री तक पहुंचने की संभावना है। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने हीट वेव और हीट स्ट्रोक से बचाव और उपचार की एडवाइजरी जारी की है। संभावित हीट वेव के चलते स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों में मरीजों के लिए विशेष प्रबंध शुरू कर दिए हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग को भी सभी सरकारी व निजी विद्यालयों में ओआरएस कॉर्नर बनाने की सलाह दी है। साथ ही बच्चों से धूप में शारीरिक गतिविधियां न कराने की हिदायत दी गई है। उन्होंने हरियाणा रोडवेज के महाप्रबंधक को भी पत्र लिखकर कहा है कि सभी बसों में पीने के पानी की व्यवस्था की जाए। साथ ही सभी बस स्टैंड पर ओआरएस कॉर्नर बनाए जाएं।
जिला सिविल सर्जन डॉ. रेनू चावला ने बताया कि गर्मी में बीमारियों से बचाव के लिए पर्याप्त मात्रा में पानी पीएं। वहीं हल्के रंग के व खुले वस्त्र पहनें। धूप के चश्मे, छाता और टोपी का प्रयोग करें। सफर के दौरान पानी साथ में रखें। हीट स्ट्रोक के लक्षणों जैसे कमजोरी, चक्कर आना, सिर दर्द, उवकाई, पसीना आना आदि को पहचानें। अगर आप खुले में कार्य करते हैं तो सिर, चेहरा, हाथ पैरों को गीले कपड़े से ढके रहें तथा छाते का प्रयोग करें। यदि मूर्छा या बीमारी का अनुभव करते है तो तुरंत चिकित्सीय सलाह लें। गर्मी से बचाव के लिए ठंडा पेयजल लें।
वहीं अधिक गर्मी वाले समय में विशेषकर दोपहर 12 से तीन बजे के बीच सूर्य की सीधी रोशनी में जाने से बचें। जब बाहर का तापमान अधिक हो तब अधिक काम न करें। नंगे पैर बाहर न निकलें। धूप में खड़े वाहनों में बच्चों एवं पालतु जानवरों को न छोड़ें। गहरे रंग के भारी एवं तंग वस्त्र पहनने से बचें। अधिक गर्मी वाले समय में खाना बनाने से बचें।