कैथल। मूल रूप से जिला कैथल के देवीगढ़ गांव की निवासी 16 वर्षीय तनु मुक्केबाजी में जिले और गांव का नाम रोशन कर रही है। बॉक्सिंग के खेल से जुड़ने के करीब चार वर्षों के भीतर ही उन्होंने कई उपलब्धियां अपने नाम कर ली हैं। वह स्कूल स्तर पर नेशनल रजत पदक विजेता रह चुकी हैं। इसके अलावा सीबीएसई नेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप में दो बार स्वर्ण पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा चुकी हैं। अब उनका लक्ष्य एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप के ट्रायल में बेहतर प्रदर्शन करना है। ये प्रतियोगिता इंडोनेशिया के जर्काता में 3 जुलाई से आयोजित होगी। वह इन दिनों चौधरी छोटूराम इंडोर स्टेडियम में कोच अमरजीत सिंह के मार्गदर्शन में हर दिन पांच घंटे तक अभ्यास करती हैं।
उसके पिता दलसेर संधू हरियाणा पुलिस में एएसआई के पद पर कार्यरत हैं और वर्तमान में असंध सीआईए में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पिता की प्रेरणा और सहयोग से ही तनु ने मुक्केबाजी को अपने करियर के रूप में चुना। पिता का सपना है कि उनकी बेटी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश के लिए पदक जीतकर भारत का नाम रोशन करे। तनु ने राज्य स्तर की विभिन्न प्रतियोगिताओं में भी उन्होंने कई पदक अपने नाम किए हैं।
कोच अमरजीत सिंह का कहना है कि तनु बेहद अनुशासित और मेहनती खिलाड़ी हैं। वह नियमित रूप से समर्पण और लगन के साथ अभ्यास करती हैं। उन्होंने कहा कि तनु के अंदर आगे बढ़ने की प्रबल इच्छा और सीखने का जज्बा है। उन्हें विश्वास है कि आने वाले समय में वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश के लिए पदक जीतकर भारत का नाम रोशन करेंगी।तनु की सफलता के पीछे उनके परिवार का भी अहम योगदान है। उनकी माता सुनीता संधू गृहिणी हैं और वह तनु की डाइट तथा दैनिक दिनचर्या का विशेष ध्यान रखती हैं। परिवार के अन्य सदस्य भी तनु का लगातार हौसला बढ़ाते हैं। उनके भाई अनूप संधू हिसार विश्वविद्यालय से एग्रीकल्चर की पढ़ाई कर रहे हैं जबकि बहन मुस्कान विवाहित हैं। दोनों भाई-बहन तनु को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए हर संभव सहयोग देते हैं। संवाद