गांव बेगपुर में एक बुजुर्ग ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से गोली मार कर आत्महत्या कर ली। बुजुर्ग जमीन विवाद के कारण परेशान था। पुलिस ने मृतक के पुत्र की शिकायत पर उसकी पुत्रवधू सहित पांच के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।
पुलिस को दी शिकायत में बेगपुर निवासी प्रीतपाल पुत्री कर्मपाल ने बताया कि उसके भाई विरेंद्र कुमार की शादी 19 नवंबर 2015 को सोनिया निवासी भागल के साथ हुई थी। उनकी एक पुत्री यशमीत है। वर्ष 2017 में उसके भाई विरेंद्र की करंट लगने से मौत हो गई थी। उसके पिता ने करीब 13/14 एकड़ जमीन खेत के लिए भवानीगढ़ के पास मांझी गांव जिला संगरुर में खरीदी थी। यह जमीन उसके पिता के ही नाम थी। उसके भाई की मौत के बाद उसके ससुराल वाले उन पर दबाव बनाने लगे कि उसकी भाभी सोनिया का कहीं पर करेपा(दूसरी शादी) करवाओ। इसके बाद उसके मामा के लडक़े अमरजीत ने उनकी सहमति के बिना उसकी भाभी से करेपा कर लिया। वे दोनों जबरन यहीं रहने लगे। बाद में उसके पिता पर पंजाब में खरीदी गई जमीन को सोनिया व भतीजी यशमीत के नाम करवाने के लिए दबाव डालने लगे। जिससे उसके पिता की तबीयत खराब रहने लगी। इसके बाद सोनिया अपने मायके चली गई और उसके मामा का लड़का भी चला गया। इसके बाद सोनिया के पिता चंद्रभान व उसके भाई सौरभ पुत्र चंद्रभान ने उसके पिता को धमकियां देनी शुरू कर दी। इसके बाद गुरजिंद्र व अमरजीत ने उसके पिता की जमीन पर कब्जा कर लिया। जिससे उसके पिता परेशान रहने लगे। सौरव, चंद्रभान, गुरजिंद्र व अमरजीत उनके घर आकर भी उसके पिता को धमकी देकर गए थे। इसके बाद गुरजिंद्र ने फिर फोन करके उन्हें जान से मारने की धमकी दी। जिस कारण उसके पिता ने उन सब को कहा कि सौरभ, चंद्रभान वासी भागल वा गुरजिंद्र, अमरजीत व सोनिया ने उन्हें बर्बाद कर दिया है। जिस कारण वह यह जीवन नहीं जी सकता। उन्होंने मंगलवार सुबह नौ बजे घर में रखी अपनी लाइसेंसी बंदूक से आत्महत्या कर ली। उसके पिता ने सौरभ पुत्र चन्द्रभान, सोनिया पुत्री चंद्रभान व चंद्रभान वासीयान भागल व गुरजिंद्र उपनाम गगी पुत्र अमरजीत व अमरजीत पुत्र लाभ सिंह वासीयान फमनवाला जिला संगरूर पंजाब के दबाव के कारण आत्महत्या की है। उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। पुलिस ने उक्त आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।