कैथल जिले के कई स्कूलों के विद्यार्थियों की कक्षाएं स्कूल में कम जवाहर पार्क में ज्यादा लगती हैं। प्रतिदिन भारी संख्या में विद्यार्थी चिल्ड्रन पार्क और जवाहर पार्क में मौज मस्ती करके वापस घर लौट जाते हैं।
विद्यार्थियों को भारी संख्या में चिल्ड्रन पार्क में बनी झील की दीवारों में बैठा देखा जा सकता है। इन विद्यार्थियों में अधिकतर संख्या राजकीय स्कूलों के अलावा कई नामी प्राइवेट स्कूलों के बच्चे भी शामिल हैं।
सुबह ही पहुंच जाते हैं बच्चे
शहर के कई इलाकों सहित कई गांवों से हजारों की संख्या में बच्चे शहर में स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सहित आसपास के प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने के लिए आते हैं। इनमें से काफी संख्या में बच्चे स्कूल में जाने के बजाये सुबह ही जवाहर पार्क और चिल्ड्रन पार्क में पहुंच जाते हैं। जहां दिन भर गप्पे हांकते हैं और छुट्टी के बाद अपने झोला उठाकर घर लौट जाते हैं।
नशे और बुरी आदतों की चपेट में आ रहे हैं
पार्क में शहरवासी मनोज कुमार, कमल गुप्ता, भारत भूषण, अशोक कुमार, राजा राम, कुलदीप सिंह, अनुज कुमार, बिट्ट तंवर, पुनीत तितरम ने बताया कि स्कूलों में बंक करके विद्यार्थी पार्क में आकर समय व्यतीत करते है। पार्क में ताश व बीड़ी-सिगरेट पीने वालों के संपर्क में आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि विद्यार्थियों की टोलियां भी ताश खेलती हैं। कई विद्यार्थी धूम्रपान भी करते हैं। उन्होंने बताया कि पुलिस को इन विद्यार्थियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।
स्कूल भी दिखा रहे हैं उदासीनता
जहां बच्चे स्कूलों से बंक करके स्वयं एवं अपने माता-पिता को धोखा दे रहे हैं, वहीं स्कूल संचालकों की लापरवाही भी सामने आती है। स्कूल मुखिया अथवा स्कूल मैनेजमेंट का भी स्कूल में बच्चों के लगातार गैर हाजिर रहने के बावजूद इस और ध्यान न देना घोर लापरवाही का परिचायक हैं। इस दिशा में कोई कदम स्कूल नहीं उठा रहे हैं।
माता-पिता को ध्यान देने की जरूरत
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के प्रधानाचार्य सतीश कुमार कक्कड़ ने बताया कि बच्चे के बारे में पूरी जानकारी रखना माता-पिता की जिम्मेवारी है। पार्क में विद्यार्थियों के घूमने पर उन्होंने पुलिस को भी शिकायत दी है। कई बार स्कूल के अध्यापकों को भी पार्क में दौरा करवाया है। उन्होंने बताया कि जो विद्यार्थी सप्ताह भर स्कूल में नहीं आता है, उसका नाम काट दिया जाता है। सभी अध्यापकों को हिदायत दी गई है कि विद्यार्थियों की गतिविधयों पर पूरी नजर रखें।