संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। प्रदेशभर के भ्रष्ट पटवारियों की कथित सूची वायरल होने के बाद कैथल जिले भी पटवारियों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। पटवारियों ने रेवेन्यू पटवार एवं कानूनगो एसोसिएशन की राज्य कमेटी के आह्वान पर तीन दिन तक काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन का एलान किया है।
नाराज पटवारियों ने लघु सचिवालय में पहुंचकर डीसी प्रीति को ज्ञापन सौंपा। पटवारियों ने सुबह के समय तो काली पट्टी बांध प्रदर्शन किया, लेकिन बाद में जिलेभर के पटवारियों के प्रदर्शन में शामिल होने के चलते पटवार भवन में पहुंचे लोगों को परेशानी हुई। पटवारियों के अपनी सीट से नदारद रहने से काम करवाने के लिए पहुंचे लोग भटकते दिखे। ऐसे में इंतकाल दर्ज करवाने और दस्तावेज बनाने संबंधी काम नहीं हो सके।
काम न होने से लोगों में रोष रहा। इस बीच करीब 50 इंतकाल दर्ज नहीं हो पाए। इसके साथ ही करीब 100 से अधिक दस्तावेज नहीं बन पाएं।
पटवारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी नाराजगी जताई और मांग की कि पटवारियों को झूठे मामलों में न फंसाया जाए। एसोसिएशन के जिला प्रधान दिलबाग पटवारी ने कहा कि इन आरोपों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और निर्दोष अधिकारियों को फंसाने की साजिश बंद की जानी चाहिए। इस मौके पर कानूनगो सुभाष, कानूनगो हेमंत, पटवारी रामनिवास, मनजीत व राजेश आदि पटवारी मौजूद रहे।
गौरतलब है कि वायरल हुई पटवारियों की संदिग्ध सूची में कैथल में सबसे अधिक 46 पटवारियों को भ्रष्टाचारी बताया गया था। इसके साथ ही पटवारियों की ओर से रखे गए सात सहयोगियों की सूची भी वायरल हुई थी।
नाराज लोग बोले- व्यवस्था बनाएं प्रशासन ः सिरटा रोड से रिहायशी प्रमाण पत्र बनवाने के लिए पहुंचे दीपक कुमार ने बताया कि उन्हें पटवार भवन में आने के बाद जानकारी मिली कि पटवारी लघु सचिवालय में प्रदर्शन करने गए हैं। ऐसे में उनके दस्तावेज पर पटवारी के हस्ताक्षर नहीं हो पाए।
इसी प्रकार से जमीन का इंतकाल दर्ज करवाने के लिए पहुंचे शहरवासी रवि कुमार ने बताया कि पटवारियों ने तीन दिन तक काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन का एलान किया, लेकिन कार्यालय में तो पटवारी ही नहीं मिल पाए। ऐसे में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
पटवारी रेवेन्यू संगठन एवं सर्व कर्मचारी संघ के सदस्यों का कहना है कि वह तीन दिन तक काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान जनता के काम किए जाएंगे लेकिन सरकार ने कार्रवाई की तो आंदोलन तेज किया जाएगा। कहा कि बिना कोर्ट की कार्रवाई और बिना किसी जांच एजेंसी के किसी भी पटवारी को भ्रष्ट करार नहीं दिया जा सकता है।
ढांड में कार्यालयों के चक्कर काटते रहे लोग
ढांड। भ्रष्ट पटवारियों की सूची वायरल होने से खफा ढांड सब तहसील के नाराज पटवारियों के कार्यालय में नहीं मिलने से सोमवार को लोग अपने कार्यों को करवाने के लिए पटवारियों के कार्यालयों के चक्कर काटते रहे। इससे उन्हें अपने कार्य नही होने से परेशानियों का सामना करना पड़ा और उनके तहसील व अन्य सभी प्रकार के काम अटक गए।
कई लोग तो पटवारियों के कार्यालय के बाहर ही डेरा जमाए बैठे रहे कि कब पटवारी आए और हम अपना काम करवाएं। ढांड में एक महिला दोपहर तक बंद पड़े पटवारियों के कार्यालय के बाहर उनकी इंतजार में बैठी रही और आखिरकार उसे निराश होकर वापिस जाना पड़ा।
ढांड सब तहसील पटवारी एसोसिएशन के प्रधान मुनीष मैहला ने बताया कि सोमवार को प्रदेश भर में पटवारियों ने डीसी को ज्ञापन सौंपे। इसी कड़ी में ढांड सब तहसील के सभी पटवारी आज दोपहर तक जिला स्तर की कार्यकारिणी में शामिल होने के लिए कैथल गए थे। संवाद