आंगन बुधवार को आंगनबाड़ी वर्कर एंड हेल्पर यूनियन के बैनर तले राज्य मंत्री कमलेश ढांडा के आवास पर लगातार 21 वें भी धरना जारी रहा । धरने की अध्यक्षता जिला प्रधान कमला दयोरा ने की व मंच संचालन सुनीता ने किया । धरने को समर्थन देने के लिए जन संघर्ष मंच हरियाणा के राज्य प्रधान कामरेड फूल सिंह, मनरेगा मजदूर यूनियन के राज्य प्रधान कामरेड पाल सिंह, तथा मजदूर सहयोग केंद्र गुरुग्राम के प्रधान कामरेड रामनिवास धरना स्थल पर पहुंचे । मनरेगा मजदूर यूनियन के राज्य प्रधान कामरेड पाल सिंह ने कहा कि आंगनबाड़ी कर्मचारियों को पिछले 5 महीनों से मानदेय नहीं दिया जाना पूरी तरह अन्यायपूर्ण है । उन्होंने कहा मौजूदा केंद्र की भाजपा सरकार ने मजदूर विरोधी नए लेबर कोर्ट बनाए हैं जिनका आज पूरे देश में मजदूर कर्मचारी संगठन कड़ा विरोध कर रहे हैं और उन्हें रद्द करने की मांग कर रहे हैं । मजदूर सहयोग केंद्र के अध्यक्ष रामनिवास ने कहा कि सरकार चाहे किसी भी पार्टी की हो लेकिन उसकी नीतियां हमेशा मेहनतकश विरोधी होती हैं और पूंजीपतियों के हित में होती हैं । उन्होंने कहा कि जो संस्थान पहले समय में जनता के पैसों से खड़े किए गए थे सरकार आज उन्हें निजीकरण के जरिये पूंजीपतियों के हवाले कर रही है । प्रधान कमला दयोरा ने कहा कि सरकार की ओर से अड़ियल रवैया अपनाया जा रहा है। इसलिए आंगनबाड़ी कर्मचारियों का मानदेय ना देकर व आंदोलन कर्ताओं पर झूठी शिकायत दर्ज करवा कर आंदोलन को तोड़ने की साजिश कर रही है । उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा ने आंगनबाड़ी कर्मचारियों को न तो स्मार्ट मोबाइल फोन दिए हैं, न उनका खर्च दे रही है और न ही कोई ट्रेनिंग दी है । दूसरी तरफ जिन बच्चों को रिमोट लर्निंग की बात सरकार द्वारा कही जा रही है उनके परिजनों के पास भी कोई स्मार्टफोन नहीं है । ऐसी स्थिति में निदेशक द्वारा ऐसा आदेश जारी करना पूरी तरह हास्यास्पद है । इसलिए आंगनबाड़ी कर्मी इसे तुरंत वापस लेने की मांग करती है । इस मौके पर जिलेभर की तमाम आंगनबाड़ी वर्कर मौजूद रही।