हिट एंड रन के नए कानून के विरोध में ट्रांसपोर्टरों व निजी बस संचालकों की हड़ताल मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रही। ट्रांसपोर्टरों की तरफ से बुलाई गई हड़ताल के दूसरे दिन कैथल के अधिकतर ऑटो चालकों ने भी वाहन चालकों को अपना समर्थन दिया है। इसके तहत मंगलवार सुबह से शहर में कई स्थानों पर ऑटो नहीं चलाए गए। इसके साथ ही ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल के कारण कई व्यापारियों का माल नहीं आ सका है। बुधवार को रोडवेज कर्मी भी वाहन चालकों के समर्थन में दो घंटे तक प्रदर्शन करेंगे। इस प्रदर्शन के बाद रोडवेज बसों की हड़ताल करने को आगामी निर्णय लिया जाएगा।
बिगड़ी परिवहन व्यवस्था, नहीं चली निजी बसें
फतेहाबाद में मंगलवार को सड़क पर एक भी निजी बस दिखाई नहीं दी, जिस कारण लोकल रूटों पर जाने वाले यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। फतेहाबाद से रतिया, टोहाना, भूना, नरवाना, भट्टू कलां, नोहर, भादरा व सिरसा के लिए निजी बसें चलती हैं। जिले में 107 निजी बसें हैं और सभी का संचालन मंगलवार को पूरी तरह से बंद रहा है।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने हिट एंड रन केस के लिए नया कानून बनाया है। इसके तहत अगर वाहन चालक की गलती से दुर्घटना में किसी की मौत हो जाती है और वाहन चालक मौके से फरार हो जाता है तो उसको 10 साल की कैद व सात लाख रुपये जुर्माने का प्रावधान रखा गया है। इससे बस, ट्रक, पिकअप व टेंपो चालक प्रभावित होंगे। इसी का विरोध कई राज्यों में हो रहा है। मंगलवार को निजी बस संचालकों ने भी इसके विरोध में अपनी बसों को बंद कर दिया।
फतेहाबाद शहर से विभिन्न गांवों से होकर भी बसें जाती हैं, जो मंगलवार को नहीं चली, जिस कारण विद्यार्थियों व ग्रामीणों को परेशानी हुई। पहले जहां हर 10 से 15 मिनट में रतिया, टोहाना, भूना के लिए निजी बस की सुविधा थी, वह भी नहीं मिली और यात्रियों को लंबे सयम तक बसों का इंतजार करना पड़ा। खासतौर पर ग्रामीण तबके के लोगों को अधिक परेशानी हुई। रोडवेज की बसें अपनी समय के हिसाब से चली, जिस कारण उनमें काफी भीड़ देखने को मिली।
अधिकारी के अनुसार
हम प्रयास कर रहे हैं कि यात्रियों को इस हड़ताल की वजह से कोई परेशानी न आए। रोडवेज की बसों के फेरे बढ़ाए जा रहे हैं, ताकि यात्रियों को गंतव्य तक समय पर पहुंचाया जा सके।
-शेर सिंह, रोडवेज महाप्रबंधक, फतेहाबाद।