संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शहर के न्यायिक परिसर के पास स्थित हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के कार्यालय में बुधवार को अधिकारियों की ओर से खुला दरबार लगाया गया। इसमें सैकड़ों लोग अपनी जमीन में इंतकाल दर्ज न होने से संबंधित समस्याएं लेकर पहुंचे। समस्याएं लेकर पहुंचे लोगों में काफी रोष भी दिखाई दिया।
नाराज लोगों का कहना था कि उनकी समस्या का करीब 18 साल से कोई समाधान नहीं हो पाया है। वर्ष 2005-2006 में सेक्टर 18 की जमीन में साथ लगती कॉलोनियों की तीन एकड़ से अधिक की जमीन अधिकृत की गई थी। इस दौरान सेक्टर की जमीन में इंतकाल दर्ज किया। अब इन कॉलोनियों में इंतकाल दर्ज करवाने को लेकर लोग भटक रहे हैं।
इससे आधा दर्जन कॉलोनियों के 700 से अधिक लोगों को परेशानी हो रही है। इस समस्या के समाधान पर ही यह खुला दरबार लगाया गया। इस दरबार में 250 से अधिक लोग कागजात लेकर समस्या का समाधान करवाने के लिए पहुंचे।
गौरतलब है कि इस मामले में फ्रेंड्स काॅलोनी, बालाजी काॅलोनी व आसपास के अन्य क्षेत्रों का भूमि रिकार्ड प्रभावित हो गया था। स्थिति यह है कि प्लाटों की रजिस्ट्री तो खरीदारों के नाम हो गई हैं, लेकिन इंतकाल में आज भी एचएसवीपी ही मालिक है।
प्रभावित लोगों ने बताया कि शिविर में भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, केवल कागजात ही अधिकारियों ने लिए हैं। इसका समाधान कब होगा, इसके बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है।
वहीं अधिकारियों का कहना है कि शिविर में आए लोगों की शिकायत ले ली हैं। मुख्यालय भेजकर उनका उचित समाधान किया जाएगा। एचएसवीपी की तरफ से सेक्टर 18 के लिए 14 एकड़ जमीन अधिग्रहण की गई थी। उस समय सेक्टर के साथ लगती काॅलोनी बालाजी काॅलोनी, जनकपुरी काॅलोनी, फ्रेंड्स काॅलोनी की करीब तीन एकड़ जमीन भी अधिग्रहण कर ली गई थी। इस कारण आज भी इंतकाल एचएसवीपी के नाम दिखाया जा रहा है।
इस संबंध में जिला संपदा अधिकारी वकील अहमद ने बताया कि खुला दरबार में 250 के करीब शिकायतें मिली है। शिकायतों को लेकर जरूरी दस्तावेज ले लिए हैं। मुख्यालय और जिला स्तर पर अब विभागीय टीम इस मामले में जांच करेगी। जो छोटी गलतियां होगी तो उन्हें कुछ राहत दी जाएगी। जबकि जिनके दस्तावेजों में अधिक कमियां मिलेंगी। उनका मौके पर निरीक्षण करके समाधान किया जाएगा।
शिकायतकर्ता बोले
शिकायत लेकर पहुंचे बालाजी कॉलोनी निवासी मनोज कुमार ने बताया कि उसके पास करीब 200 गज का प्लाॅट है, लेकिन इसमें से 100 गज का इंतकाल हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण विभाग के नाम है। ऐसा सैकड़ों लोगों के साथ हुआ है। इसमें काॅलोनी वासियों के नाम प्लाॅट की रजिस्ट्री है। समस्या के समाधान को लेकर सात-आठ वर्षों से विभाग के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन आज तक भी इसका समाधान नहीं हो पाया है।
बालाजी कॉलोनी के ही निवासी महेंद्र कुमार ने बताया कि करीब 700 लोगों को यह समस्या आ रही है। इंतकाल उनके नाम न होने के कारण ना तो यहां प्लाट की खरीद-फरोख्त हो पा रही है और न ही ऋण लेने के लिए वे बैंक में आवेदन कर पा रहे हैं।