फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaithal News: गांवों की गोशालाओं में ग्रांट की समस्या

Tue, 28 May 2024 05:33 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

कैथल। सरकार की ओर से गोवंश की समस्या को दूर करने के लिए गोशाला में उचित आर्थिक सहायता देने के दावे किए जाते हैं, लेकिन यह दावे तब फेल दिखाई देते हैं, जब ग्रामीण क्षेत्र में गोवंशों की संख्या के आधार पर ग्रांट नहीं मिल पाती है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्र के गोशाला संचालकों की परेशानी और अधिक बढ़ जाती है। गोशाला संचालक सरकार पर बार-बार ग्रांट न देने के आरोप लगाते हैं।

नाराजगी जताते हुए गोशाला संचालकों का कहना है यदि सरकार गोवंश की खुराक के लिए उचित ग्रांट दे तो वह गोशालाओं में क्षमता से अधिक गोवंश रखने में समर्थ होते हैं, लेकिन ऐसा नहीं हो पाता है। उनकी मांग है कि
विज्ञापन
विज्ञापन


सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में भी अधिक ग्रांट गोशाला संचालकों को दे, ताकि वे अधिक से अधिक गोवंशों का पालन पोषण कर सके।

दानी सज्जनों की जरूरत

गांव भैणी माजरा के कपिस्थल नंदी गोशाला सेवा समिति के प्रधान शमशेर ने बताया कि लंबे समय से गोशालाएं दानी सज्जनों के सहारे ही चल रही है। इसलिए उनकी सरकार से अपील है कि वे समय-समय पर अधिक से अधिक ग्रांट गोशालाओं को दें। यदि सरकार ऐसा करेगी तो ही वे बेहतर ढंग से गोशालाओं को चला पाएंगे।

शमशेर ने बताया कि सरकार की ओर से ग्रांट न देने की स्थिति में उन्हें मजबूरन गोवंशों को वापस सड़कों पर छोड़ने के लिए कई बार मजबूर होना पड़ता है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें