संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नगर परिषद की ओर से लाखों रुपये की लागत से बनाए गए प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय बदहाल हैं। इनकी सुध भी नगर परिषद के अधिकारियों की तरफ से नहीं ली जा रही है। इस कारण शहर के आम लोग इन शौचालयों का प्रयोग भी नहीं कर पा रहे हैं।
गौरतलब है कि इन शौचालयों की देखरेख के लिए नगर परिषद ने पिछले साल लाख रुपये निविदा सूचना जारी की थी। इस निविदा सूचना जारी करने के बावजूद कोई सुध नहीं ली गई है जबकि अब पिछले साल के नवंबर महीने में यह निविदा सूचना भी खत्म हो गई है जबकि निविदा सूचना के खत्म होने से पहले भी नगर परिषद ने इसकी देख-रेख करने वाली एजेंसी को नोटिस भी दिया गया था और करीब पांच लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया था। अब निविदा सूचना ही खत्म हो गई है तो इन शौचालयों की हालत और खस्ता हो चुकी है।
शौचालयों में न पानी
न ही सफाई
शहरवासी सुनील कुमार ने बताया कि नगर परिषद ने शहर में आम दुकानदारों और राहगीरों के लिए 15 से अधिक जगहों पर मुख्य मार्गाें और कई पार्काें में प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय बनाए थे। शहर में इस समय कई शौचालयों के बाहर तो पानी न होने के चलते ताला लटका हुआ है जबकि कई शौचालयों में सफाई व्यवस्था बदहाल हो चुकी है। यहां पर बदबू का आलम है और इनके पास से गुजरना भी मुश्किल होता है। इसलिए इन शौचालयों में सफाई व्यवस्था दुरुस्त हो और पानी की प्रबंध भी किया जाएगा।
क्या हैं प्री फैब्रिकेटेड टॉयलेट ः कई बार प्रयोज्य के लिए इनको डिजाइन किया जाता है। मेलों आदि के लिए इनको डिजाइन किया जाता है।
शहर में यहां बनाए गए हैं प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय
नगर परिषद ने शहर में करनाल रोड, ढांड रोड, विश्वकर्मा चौक, ताऊ देवीलाल पार्क, बालाजी कॉलोनी डेहा बस्ती, जींद रोड और शहर के कई अन्य स्थानों पर प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय बनाए हैं परंतु इस समय शौचालय की देखरेख के लिए कोई भी निविदा सूचना जारी न होने के चलते यह प्रयोग में नहीं आ रहे हैं। इस कारण राहगीरों सहित अन्य लोगों को इसका कोई लाभ नहीं हो रहा है।
शहर में बनाए गए प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय की निविदा सूचना तीन महीने पहले ही खत्म हुई है। अब नगर परिषद के आला अधिकारियों से पत्राचार कर इसकी दोबारा से निविदा सूचना जारी करने के लिए अनुमति ली जाएगी, ताकि प्री-फेब्रिकेटेड शौचालय आमजन के प्रयोग में ला सके। - कुलदीप मलिक, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद कैथल।