सीवन। शनिवार देर रात अचानक आए तूफान और तेज बारिश ने क्षेत्र के किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। खासकर सब्जी और खरबूजा उत्पादक किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है। खेतों में लगाए गए पोली हाउस और नेट हाउस तेज हवाओं के कारण फट गए। वहीं, भारी वर्षा से खेतों में पानी भर गया, जिससे सब्जियों की फसलें बर्बाद हो गई।
किसान राजेश रहेजा, सुरेंद्र सरदाना, नवदीप सिंह गोबिंदपुरा, अंतरजीत सिंह, राजविंदर सिंह, कुलदीप सिंह आदि किसानों ने बताया कि इस समय खरबूजे की तुड़ाई जोरों पर थी, लेकिन अचानक हुई बारिश के चलते खेतों में पानी भरने से खरबूजे गलने लगे हैं।
उन्होंने बताया कि पानी से गले हुए खेतों से खरबूजे निकालते समय बेलें मिट्टी में धंस रही हैं, जिससे न सिर्फ मौजूदा फसल प्रभावित हुई है, बल्कि आगे के उत्पादन पर भी गंभीर असर पड़ेगा।
किसानों ने बताया कि बरसात के कारण न केवल खरबूजे की गुणवत्ता में गिरावट आएगी, बल्कि उसके स्वाद और मिठास पर भी बुरा असर होगा, जिससे बाजार में उसकी मांग कम हो सकती है। वहीं दूसरी ओर, इस समय बाजार में तुड़ाई हेतु तैयार टिंडा, करेला, शिमला मिर्च, टमाटर और खीरे जैसी सब्जियों की फसलें भी पूरी तरह प्रभावित हुई हैं।
प्रभावित किसानों ने सरकार और प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द विशेष गिरदावरी करवाई जाए और किसानों को उनकी नष्ट हुई फसलों का मुआवजा दिया जाए।