संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नवंबर माह में चलाए जाने वाले पुलिस ऑपरेशन स्माइल अभियान की शनिवार को शुरूआत हुई। इस मुहिम के लिए कैथल पुलिस से एक टीम का गठन किया गया है। टीम में पीएसआई सुमित, एसआई ईश्वर सिंह, एसआई विरेंद्र कुमार, एएसआई राजेश, लेडी एचसी सरोज व महिला सिपाही शीतल शामिल हैं। टीम में महिलाओं और बच्चों से पूछताछ करने के लिए महिला पुलिस कर्मचारियों की नियुक्ति की गई है।
एसपी उपासना ने बताया कि इस अभियान के माध्यम से पुलिस का मुख्य उद्देश्य मानव तस्करी को रोकने के बारे में जागरूकता और नागरिकों को तस्करी के बारे में किसी भी संदिग्ध गतिविधि का पता चलने पर उसकी रिपोर्ट करने के लिए प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि इस अभियान में जिले के मानव तस्करी विरोधी इकाइयों, समाज कल्याण विभाग, श्रम विभाग, डब्ल्यूसीडी/डीसीपीयू विभाग, स्वास्थ्य विभाग, वन स्टॉप सेंटर टीम व बाल कल्याण समिति की भी सहायता ली जाएगी।
यह अभियान कठिन परिस्थितियों में रहने वाले बच्चों के बचाव और उनके पुनर्वास के लिए भी है। एसपी ने आम जनता से अपील की है कि वे मानव तस्करी से संबंधित किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना बिना किसी देरी के नजदीकी पुलिस थाने, चौकी, कंट्रोल रूम व डायल 112 पर दे सकते हैं। सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी।
इसके अतिरिक्त अभियान में उन नाबालिगों को भी रेस्क्यू किया जाएगा जो या तो घरेलू नौकर अथवा छोटे उद्योगों में बाल श्रमिकों की तरह काम कर रहे हैं। रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर लावारिसों की तरह रह रहे हैं या भीख मांग रहे हैं।
चाय की दुकान पर काम करते हुए मिले दो बच्चे
शनिवार को ऑपरेशन स्माइल अभियान तहत गठित टीम को पुराने बस स्टैंड के पास एक 11 वर्षीय बच्चा भीख मांगता मिला व पंचायत भवन के पास एक चाय की दुकान पर एक 14 वर्षीय बच्चा काम करता हुआ पाया गया। टीम न दोनों बच्चों को बाल कल्याण समिति कैथल के समक्ष पेश करके उनके परिजनों को बुलाकर काउंसलिंग करवाई। परिजनों को बताया कि बच्चों से आइंदा इस प्रकार के काम न करवाए जाएं।