संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। कानून व्यवस्था बनाए रखने और उपद्रवी भीड़ से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए सोमवार को पुलिस लाइन कैथल में मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इसमें महिला और पुरुष पुलिस कर्मचारियों ने भीड़ को नियंत्रित करने, दंगाइयों से निपटने और असामाजिक तत्वों पर कार्रवाई करने का अभ्यास किया। पुलिस ने किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तीन कंपनियों का गठन किया है, जिनमें दो पुरुष और एक महिला कंपनी शामिल है। पुलिस प्रवक्ता प्रवीण श्योकंद ने बताया कि एसपी मनप्रीत सिंह सूदन के नेतृत्व में गठित इन कंपनियों को कानून व्यवस्था ड्यूटी के लिए तैयार किया गया है। सभी कंपनियों के जवान लाठी-डंडों, आंसू गैस और आधुनिक हथियारों से लैस रहेंगे, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला जा सके।
मॉक ड्रिल डीएसपी सुशील प्रकाश, डीएसपी बीर भान और डीएसपी रोहताश के नेतृत्व में करवाई गई। सीडीआई एएसआई अजय ने पुलिस कर्मचारियों को भीड़ को नियंत्रित करने और अलग-अलग परिस्थितियों में अपनाई जाने वाली रणनीतियों का अभ्यास करवाया। इस दौरान पुलिस बल की सभी टुकड़ियों को विभिन्न प्रकार की फॉर्मेशन बनाकर उपद्रवी भीड़ को नियंत्रित करने की जानकारी दी गई।
आंसू गैस और वाटर कैनन के इस्तेमाल का अभ्यास
मॉक ड्रिल में आंसू गैस टीम ने भी भाग लिया। टीम के सदस्यों को आंसू गैस के गोले छोड़ने और वज्र वाहन के इस्तेमाल की जानकारी दी गई। दंगा निरोधक टीमों ने लाठी-डंडों, कैन शील्ड और वाटर कैनन की मदद से भीड़ को तितर-बितर करने का अभ्यास किया। इसके अलावा रास्ते रोकने, दंगा करने और माहौल बिगाड़ने वाले असामाजिक तत्वों से निपटने के साथ वीआईपी सुरक्षा के लिए भी अभ्यास किया गया। इस दौरान डीएसपी सुशील प्रकाश ने पुलिस कर्मचारियों को कानून व्यवस्था ड्यूटी के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में कानून व्यवस्था से जुड़ी किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल तैयार रहेगा। यदि कोई असामाजिक तत्व माहौल बिगाड़ने का प्रयास करता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।