संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन यानि एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाएं लगातार प्रभावित हैं। मरीजों को हो रही अधिक परेशानियों के बीच अब नियमित स्टाफ को आठ घंटे की बजाय 12 से 14 घंटे तक की ड्यूटी करनी पड़ रही है।
जिला नागरिक अस्पताल के मुख्य गेट के बाहर कर्मचारियों की ओर से दिया गया धरना बुधवार को 13वें दिन भी जारी रहा। हड़ताल के कारण एंबुलेंस सेवा भी प्रभावित होने के कारण मरीजों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। मांगें पूरी न होने के कारण हड़ताल को आगे बढ़ाया जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग के प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में तो एंबुलेंस सुविधा लोगों को मिल ही नहीं रही है। ऐसे में प्राइवेट वाहनों का सहारा लेकर लोगों को अस्पताल में आना-जाना पड़ रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं के लिए मरीज दर दर भटकते फिर रहे हैं, लेकिन उनको सेवाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
गौरतलब है कि स्वास्थ्य विभाग में एनएचएम के तहत 513 कर्मचारी लगे हैं। इनमें से लगभग 493 हड़ताल पर रहे। एंबुलेंस सेवा में कुल 53 कर्मचारी हैं, इनमें 52 कर्मचारी हड़ताल पर है। सिविल सर्जन कार्यालय में 29 में से 27 कर्मचारी हड़ताल पर हैं।
एनएचएम कर्मचारियों की इस हड़ताल में एंबुलेंस सेवा, पुराना सिविल अस्पताल, सिविल सर्जन कार्यालय, एएनएम सहित पीएचसी, सीएचसी व शहरी स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत स्टाफ हड़ताल पर है। एनएचएम कर्मचारियों के धरने के 13वें दिन की अध्यक्षता सुनीता देवी जी ने की। उन्होंने सरकार की गलत नीतियों पर नाराजगी जताई।
उधर, तीज के उपलक्ष्य में हरियाणा एमपीएचडब्यलयू एसोसिएशन के पूर्व जिला सचिव सुरेंद्र कुंडू और हरियाणा राज्य के महासचिव श्रवण करोड़ा ने कर्मचारियों को आपस में मिल जुलकर रहने का संदेश दिया। मंच का संचालन जिले के कोषाध्यक्ष कुलदीप शर्मा ने किसा। इस अवसर पर डॉक्टर विरेन्द्र पुनिया, सुषमा देवी, कुलदीप चहल, राकेश सिवाच, गोपाल कृष्ण बंसल, रीना ढुल, सीमा कॉउंसलर, शीला देवी, रीना स्टाफ नर्स शिवकुमार, सुनील गौरां इत्यादि कर्मचारी उपस्थित रहे।
दूसरी ओर कर्मचारियों के हड़ताल पर रहने से मुख्यत: पूर्ण रूप से एंबुलेंस सेवायें, एसएनसीयू के कार्य व प्रसूति कार्य, सभी स्तर पर माता व शिशुओं का दी जाने वाले टीकाकरण, जन्म-मृत्यु कार्य, टीबी का टीकाकरण, प्रजनन एवं बाल स्वास्थ्य का कार्य व दफ्तर के रूटीन के सभी कार्य प्रभावित रहे।