संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। लघु सचिवालय के पास रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज बनाने के विरोध में वीरवार को शहर की कई काॅलोनियों के लोग एकजुट हुए और प्रदर्शन किया। नाराजगी जताते हुए वे बोले कि पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल पांच बार एलिवेटेड ट्रैक बनाने की घोषणा कर चुके हैं। इतना नहीं मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी एलिवेटेड ट्रैक का समर्थन कर चुके हैं।
नाराज लोग बोले- एलिवेटेड ट्रैक नहीं बना तो सचिवालय, श्मशान घाट सहित हुडा सेक्टरों में जाने वालों को परेशानी होगी। बाद में उन्होंने अपनी मांगों का ज्ञापन डीसी प्रीति को भी सौंपा। इस संदर्भ में हनुमान वाटिका के पास एक होटल में काॅलोनियों के लोगों ने एकत्रित होकर एक बैठक की। इसमें मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, सांसद नवीन जिंदल व मनोहर लाल से मिलने की बात पर चर्चा हुई।
बैठक की अध्यक्षता कर रहे रघुवीर सिंह ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल इस रेलवे फाटक पर एलिवेटेड ट्रैक बनाने की अपने कार्यकाल में पांच बार घोषणाएं कर चुके हैं। पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल, पीडब्ल्यूडी विभाग व रेलवे विभाग के अधिकारियों की बैठक भी इस संदर्भ में हो चुकी है। पिछले दिनों रेलवे के उच्च अधिकारियों ने कैथल में एलिवेटेड ट्रैक बनाने की बात भी मनोहर लाल के समक्ष कही थी।
रमन सचदेवा, जितेन्द्र सचदेवा, महेंद्र, कर्मवीर, रेल यात्री कल्याण समिति प्रधान बलवान जटान, वरिष्ठ उपप्रधान लाजपत राय सिंगला, विक्रम बंसल आदि का आरोप है कि लोक निर्माण विभाग के कुछ अधिकारी इस मुद्दे को लेकर उच्च अधिकारियों को गुमराह कर रहे हैं। सही बात यह है कि उन अधिकारियों को वास्तविक ज्ञान नहीं है। रघुवीर सिंह ने बताया कि जब मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कुरुक्षेत्र लोकसभा से सांसद थे तो उन्होंने भी इस रेलवे एलिवेटेड ट्रैक बनाने की उनकी मांग में उनका सहयोग किया था। उन्होंने कैथल के लोगों के सामने स्वयं कहा कि था कि अब यहां ओवरब्रिज नहीं, बल्कि एलिवेटेड ट्रैक बनेगा।
उन्होंने कहा कि अपनी समस्या को लेकर कई कॉ़लोनियों के लोग सांसद निवास पर भी गए और कहा कि उनकी मांग है कि यहां ओवरब्रिज ना बनाकर एलिवेटेड ट्रैक बनाया जाएगा।
नाराज लोगों ने आशंका जताते हुए कहा कि यदि यहां ओवरब्रिज बनाया जाता है तो जिला सचिवालय, बस अड्डा, जाट शिक्षण संस्थान, हनुमान वाटिका, श्मशान घाट, ट्रैफिक पार्क, बाल भवन, हुडा सेक्टर 18 और 19, वैष्णो कॉलोनी, फ्रेंडस कॉलोनी, बलराज नगर, बालाजी कॉलोनी, मार्केट सहित शहर एक बहुत बड़ा हिस्सा बर्बाद हो जाएगा। ई रिक्शा वालों का धंधा भी बंद हो जाएगा।
यह भी कहा कि ओवरब्रिज बनने से करनाल रोड छोटू राम चौक पर फाटक बंद होने पर होने वाली भीड़ से जाम लगने की स्थिति पैदा हो जाएगी। जबकि एलिवेटेड रेलवे ट्रैक से किसी को नुकसान का अंदेशा नहीं है, बल्कि रोहतक व कुरुक्षेत्र की तर्ज पर बने एलिवेटेड रेलवे ट्रैक से शहर का सुंदरीकरण होगा।