कामकाज बंद कर कमरे में बैठे इंजीनियर। विज्ञप्ति
कैथल। सरकार के प्रस्तावित रेशनलाइजेशन और पुनर्गठन के विरोध में पंचायती राज विभाग के इंजीनियरों ने सोमवार से पेन डाउन स्ट्राइक शुरू कर दी। जिला प्रधान प्रदीप चहल और उपप्रधान मनीष तंवर की अगुवाई में इंजीनियरों ने कामकाज बंद रखकर सरकार के प्रस्ताव के खिलाफ रोष जताया।
इंजीनियरों ने चेतावनी दी कि मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा। एसोसिएशन के अनुसार पंचायत राज इंजीनियरिंग विंग के प्रस्तावित पुनर्गठन में तकनीकी पदों और अधिकारों में बदलाव किया जा रहा है। इसके विरोध में एसोसिएशन ने 3 सितंबर को डीसी को ज्ञापन भी सौंपा था। अब सोमवार से 10 सितंबर तक इंजीनियर जिला मुख्यालय पर सांकेतिक हड़ताल कर प्रदर्शन करेंगे। इंजीनियरों ने एक्सईएन को बीडीपीओ के अधीन करने, एसई और चीफ इंजीनियर के पद खत्म करने और करीब 130 जेई पदों में कटौती के प्रस्ताव पर आपत्ति जताई है। एक्सईएन कार्यालय से डीडीओ पावर हटाने का भी विरोध किया गया। पेन डाउन स्ट्राइक में एक्सईएन अंकुर गर्ग, एक्सईएन अभिषेक नैन, एसडीओ अश्वनी साहनी, पृथ्वीराज समेत जेई और अन्य इंजीनियर शामिल रहे।
कामकाज बंद कर कमरे में बैठे इंजीनियर। विज्ञप्ति