संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शहर की अनाज मंडियों में धान की आवक में अब तेजी तो आई है, लेकिन यहां से उठान की समस्या का अभी तक कोई समाधान नहीं हो पाया है। इस समय नई और विस्तार अनाज मंडी में काफी अधिक समस्या बनी है। किसानों ने आरोप लगाया कि अब तक बेचे गए धान का भुगतान नहीं हो सका है।
रविवार को छुट्टी के बाद मंडी में खरीद तो बंद रही, लेकिन उठान भी अधिक नहीं हो पाया है। इस कारण आढ़तियों सहित राइस मिलरों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। मंडियों में उठान भी धीमा होने से परेशानी लगातार बढ़ रही है। वहीं, किसानों की तरफ से बेची गई धान का अभी तक भुगतान नहीं हो सका है।
अब तक हुई धान की तीन लाख से अधिक आवक ः शहर की तीनों मंडियों में अभी तक कुल तीन लाख 62 हजार 888 क्विंटल आवक हो चुकी है। यह सारा ही पीआर किस्म का धान है। अब तक दो लाख 20 हजार 349 क्विंटल धान की खरीद हो चुकी है। जबकि एक लाख 59 हजार 692 क्विंटल धान का उठान हो चुका है।
आढ़ती धर्मपाल ने कहा कि इस बार सीजन में उठान के लिए लगाए गए ट्रकाें में जीपीएस की व्यस्था करने के कारण ही ऐसी स्थिति हुई है। जिले में 26 सितंबर से धान की सरकारी खरीद शुरू हो चुकी थी, लेकिन अब एक सप्ताह बीत जाने के बावजूद इस समस्या को समाधान नहीं हो पा रहा है। रविवार को भी दावा किया गया कि उठान में तेजी आएगी, लेकिन सोमवार तक भी उठान का कार्य शुरू नहीं हो पाया है। इस समस्या का जल्द ही समाधान जिला प्रशासन को किया जाना चाहिए।
मार्केट कमेटी सचिव बसाऊ राम ने कहा कि अब धीरे-धीरे स्थिति सामान्य हो रही है। अब उठान कार्य में तेजी लानी शुरू कर दी गई है। किसानों, आढ़तियों व राइस मिलरों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी।